जिले में 10 से 25 फरवरी तक होगा एमडीए कार्यक्रम का आयोजन
प्रतिनिधि गढ़वा
राज्य सरकार द्वारा फाइलेरिया उन्मूलन को लेकर राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत जिले में एमडीए कार्यक्रम का आयोजन 10 फरवरी से 25 फरवरी तक किया जायेगा. उक्त जानकारी सिविल सर्जन डॉ जॉन एफ कैनेडी ने दी. उन्होंने बताया कि कार्यक्रम के अंतर्गत एक से दो वर्ष के बच्चों को एल्बेंडाजोल की आधी गोली और दो वर्ष से अधिक आयु के सभी व्यक्तियों को (गर्भवती महिलाओं व गंभीर रूप से बीमार व्यक्ति को छोड़कर) फाइलेरिया रोधी दवा (डीइसी टैबलेट व एल्बेंडाजोल की एकल खुराक) खिलायी जायेगी. सिविल सर्जन ने बताया कि जिले में 10 फरवरी से 25 फरवरी तक मास ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (एमडीए) कार्यक्रम चलाया जायेगा. इस अभियान के तहत जिले 11 लाख से अधिक लोगों को फाइलेरिया रोधी दवा एल्बेंडाजोल और डीइसी की खुराक दी जायेगी. इसके लिए पूरे जिले में 1007 बूथ बनाये गये हैं. उन्होंने बताया कि कार्यक्रम के पहले दिन 10 फरवरी को सभी आंगनबाड़ी केंद्रों, विद्यालयों, सार्वजनिक स्थानों, स्वास्थ्य उपकेंद्रों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर बनाये गये बूथों पर दवा प्रशासकों द्वारा लोगों को दवा की खुराक खिलाई जायेगी. वहीं 11 से 25 फरवरी तक दवा प्रशासक घर-घर जाकर उन लोगों को दवा खिलायेंगे, जो पहले दिन दवा लेने से वंचित रह जायेंगे. उनके लिए जिले में 2014 दवा प्रशासकों की प्रतिनियुक्ति की गयी है. मौके पर जिला मलेरिया पदाधिकारी डॉ पुष्पा सहगल, जिला महामारी नियंत्रक डॉ संतोष मिश्रा, मलेरिया सलाहकार अरविंद द्विवेदी सहित अन्य लोग उपस्थित थे.दवा घर ले जाने की इजाजत नहीं
सिविल सर्जन ने कहा कि प्रशासक अपने सामने ही लोगों को दवा खिलायेंगे, किसी को भी दवा घर ले जाने के लिए नहीं दी जाएगी. उन्होंने लोगों से अपील की कि खाली पेट दवा का सेवन न करें. उन्होंने कहा कि यह दवा पूरी तरह सुरक्षित है और इसका कोई गंभीर साइड इफेक्ट नहीं है. फिर भी किसी प्रकार की परेशानी की स्थिति में तत्काल इलाज के लिए विभिन्न स्थानों पर रैपिड रिस्पांस टीम तैनात की जायेगी. पूरे अभियान की निगरानी के लिए 162 सुपरवाइजर लगाये गये हैं.