पलामू आयुक्त राजीव अरुण एक्का ने बुधवार को गढ़वा पहुंचकर शिक्षा विभाग की गतिविधियों की समीक्षा की़
समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में समीक्षा के दौरान उन्होंने भवन निर्माण के लिये राशि निकासी किये जाने के बावजूद लंबे समय से भवन का निर्माण कार्य नहीं करनेवाले शिक्षकों पर सर्टिफिकेट केस करने का निर्देश दिया. समीक्षा के दौरान उन्हें बताया गया कि जिले में करीब 35 शिक्षक हैं, जो भवन निर्माण मद के 70 से 80 लाख रुपये निकासी कर दबाकर बैठे हुए हैं. कई बार निर्देश दिये जाने के बावजूद न तो भवन निर्माण का कार्य किया गया और न ही राशि वापस की गयी़ वर्ष 2007-08 से ही शिक्षक राशि की राशि निकासी किये हुए हैं. आयुक्त ने निर्देश दिया कि ब्याज के साथ उनसे राशि की वसूली की जाये़
इसी तरह बैठक में स्कूल चलें, चलायें अभियान के तहत नामांकित बच्चों को विद्यालय में साल भर तक बनाये रखकर शिक्षा देने का निर्देश दिया गया. समीक्षा के दौरान बताया गया कि गढ़वा जिले में नामांकन अभियान के दौरान 21683 बच्चों का नामांकन किया गया है़
इसमें 7223 ड्राप आउट बच्चे भी शामिल हैं. आयुक्त ने निर्देश दिया कि तीन महीने बाद इस नामांकन की मॉनीटरिंग करें और जितने बच्चे अभी विद्यालय से जुड़े हुए हैं, सभी बच्चे अगले तीन महीने तक प्रतिदिन विद्यालय पहुंचे़ इसके लिये मोटिवेट करने का काम करें. उन्होंने शिक्षकों का आह्वान किया कि वे गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दें और बच्चों को दुलार के साथ पढ़ायें. कमजोर बच्चों पर अलग से विशेष ध्यान देकर उन्हें तेज बनायें. इसी तरह खेल से भी बच्चों को जोड़ते हुए पढ़ाई कराने को कहा़
उन्होंने कहा कि यदि विद्यालय में पर्याप्त स्थान अन्य खेलों के लिये नहीं है, तो बैडमिंटन या इंडोर गेम जैसे खेल से बच्चों को जोड़ें. उन्होंने बीआरपी व सीआरपी को निर्देश दिया कि वे स्कूलों में दी जा रही राशि के बारे में यह जानकारी अवश्य रखें कि उसका सदुपयोग हो रहा है या वह लैप्स कर जा रहा है़
मध्याह्न भोजन में निर्धारित मापदंड के अनुसार खाना नहीं मिलने पर संबंधित लोगों पर कार्रवाई भी की जायेगी़ उन्होंने कहा कि यह शिक्षा विभाग का महत्वपूर्ण काम है़ इस अवसर पर उपायुक्त डॉ नेहा अरोड़ा, उप विकास आयुक्त जगत नारायण प्रसाद, जिला शिक्षा अधीक्षक बृजमोहन कुमार, एडीपीओ प्रकाश कुमार आदि उपस्थित थे़
