गढ़वा : झामुमो द्वारा शनिवार को 15 सूत्री मांग को लेकर समाहरणालय पर धरना दिया गया. धरना के पश्चात झामुमो के केंद्रीय महासचिव मिथिलेश कुमार ठाकुर के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल के नाम उपायुक्त के माध्यम से मांगपत्र सौंपी.
इसके पूर्व शहर के मझिआंव मोड़ से गढ़वा विधानसभा क्षेत्र के पूर्व प्रत्याशी सह पार्टी के केंद्रीय महासचिव मिथिलेश ठाकुर की उपस्थिति में कार्यकर्ताओं ने जुलूस की शक्ल में हाथ में तख्ती लिए स्थानीय नीति व सरकार के विरोध में नारेबाजी करते हुए समाहरणालय पहुंचे, जहां प्रदर्शन के बाद धरना का आयोजन किया गया है.
धरना को संबोधित करते हुए मिथिलेश कुमार ठाकुर ने कहा कि झामुमो सुप्रीमो शिबू शिरोन के नेतृत्व में चली 40 साल के लंबे आंदोलन के बाद झारखंड राज्य मिला. इस दौरान सैकड़ों कुर्बानियां व बलिदान देना पड़ा. राज्य बने 16 वर्ष गुजर चुके हैं, लेकिन आज भी अलग राज्य के सपनों को साकार नहीं किया जा सका है. उन्होंने कहा कि भाजपा ने इस राज्य की संस्कृति को मिटाकर पुन: शोषण व दमन की नीति जारी रखी.
श्री ठाकुर ने कहा कि इसके बाद वर्ष 2014 में पूर्ण बहुमत में आयी भाजपा सरकार ने स्थानीय नीति के नाम पर झारखंडवासियों को छलने का काम किया है. राज्यपाल के नाम सौंपे गये मांगपत्र में स्थानीयता को नये स्वरूप में परिभाषित व अनुसूचित किये बिना सभी प्रकार की नियुक्ति पर रोक लगाने, वर्तमान भू अधिग्रहण नीति को प्रभावी ढंग से लागू करने, एसटी/एससी के मान्यता व अधिकार पर बदलाव का विरोध करने आदि मांग शामिल है.
धरना में पार्टी के केंद्रीय सदस्य परेश कुमार तिवारी, मदनी खां, मनोज ठाकुर, विनोद तिवारी, कन्हैया चौबे, विजयालक्ष्मी, तनवीर आलम, कमल चौबे, मकबूल आलम, अनवर हुसैन अंसारी, कंचन साहू सहित अन्य लोग उपस्थित थे.
