गढ़वा : लघु सिंचाई गणना को लेकर मंगलवार को सभी प्रगणकों के लिए प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया. स्थानीय समाहरणालय स्थित कांफ्रेंस हॉल में आयोजित प्रशिक्षण शिविर में रांची प्रमंडल के लघु सिंचाई रूपांकन के कार्यपालक अभियंता अजयनाथ ठाकुर व लघु सिंचाई विभाग गढ़वा के कार्यपालक अभियंता राजकुमार प्रसाद ने प्रगणकों को प्रशिक्षण दिया.
श्री ठाकुर ने कहा कि जिले के सभी गांवों में घूमकर और वहां का भौतिक सत्यापन कर सिंचाई योजनाओं का आकड़ा संग्रह करें. उन्होंने कहा कि सिंचाई योजनाओं में कूप, तालाब, नदी, नाले, आहर, डैम, बउली आदि को अलग-अलग वर्ग में रखकर यह भी दर्ज करें कि वे मृत हैं या उनसे सिंचाई हो रही है. मृत है तो उनकी हालत क्या है और यदि सिंचाई हो रही है, तो कितनी एकड़ भूमि सिंचित होती है. उन्होंने बताया कि प्रत्येक पांच वर्ष में केंद्र सरकार की ओर से लघु सिंचाई योजनाओं का की गिनती करायी जाती है.
उन्होंने बताया कि एक महीने के अंदर इस कार्य को पूरा करने के बाद केंद्र सरकार को रिपोर्ट भेज देनी है. उन्होंने कहा कि इसमें किसी तरह की कोई त्रुटि न रहे, इसका खास ख्याल रखें.
लापरवाही या सुस्ती बरतनेवाले कर्मियों पर कार्रवाई की जायेगी. उन्होंने कहा कि निर्धारित समय के अंदर इसे पूरा करना हमसबों का दायित्व बनता है. इस मौके पर लघु सिंंचाई विभाग के पारसनाथ सिंह, सुरेंद्र सिंह, सत्येंद्र सिंह, हरेंद्र कुमार, दीपानंद कुमार, अनिल कुमार सहित पंचायत सेवक, रोजगार सेवक, कनीय अभियंता, कृषि विभाग से जुड़े कर्मी, पर्यवेक्षक आदि उपस्थित थे.
