कसियरवा में हुआ शिलान्यास, डीपीआर बना गटियरवा के नाम से
खरौंधी (गढ़वा) : शिलान्यास हुआ कसियरवा गांव में, लेकिन डीपीआर बना गटियरवा गांव के नाम से. यह मामला खरौंधी प्रखंड का है. भवनाथपुर के विधायक अनंत प्रताप देव ने गत 17 सितंबर को अरंगी पंचायत के कसियरवा गांव में पंडा नदी घाट पर पुल निर्माण की आधारशिला रखी थी. मौके पर कार्यपालक अभियंता नंदलाल दास भी मौजूद थे.
पुल का निर्माण पौने चार करोड़ रुपये की लागत से कराया जाना था. मुख्यमंत्री सेतु योजना अंतर्गत ग्रामीण विशेष प्रमंडल-2 से इस योजना की स्वीकृति मिली थी. पुल निर्माण कार्य का जिम्मा संवेदक कन्हैया सिंह को दिया गया. इस बीच निर्माण कार्य कसियरवा गांव में न होकर इसका डीपीआर अरंगी पंचायत के गटियरवा के नाम से बना. इस भ्रम की स्थिति में संवेदक ने काम करने से इनकार कर दिया. बताया गया कि एक वर्ष पहले ही डीपीआर बना था, लेकिन शिलान्यास अन्यत्र किया गया. जो डीपीआर बना, उसमें अरंगी पंचायत के गटियरवा टोला के डोमनी घाट पर पुल निर्माण की स्वीकृति दर्शायी गयी है.
पुल का निर्माण नहीं होने से कसियरवा के लोगों में विभाग व प्रशासन के प्रति काफी रोष है. विभाग द्वारा बताया गया है कि तकनीकी त्रुटि के कारण निर्माण कार्य शुरू नहीं किया जा सका है. इस संबंध में संवेदक कन्हैया सिंह ने बताया कि डीपीआर के मुताबिक वे गटियरवा टोला में काम कराना चाहते हैं. विदित हो कि कसियरवा में पुल का निर्माण नहीं होने से कसियरवा, सेमरवा, कोनिया, परती, कुसवानी, छाताकुंड गांव के सैकड़ों लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही है. पुल का निर्माण होने से उपरोक्त गांव के 10 हजार लोगों को सुविधा होती. जबकि जहां का डीपीआर बना है, उससे भी करीब 25 बस्ती वाले परिवारों को इसका लाभ मिल सकेगा.
