East Singhbhum News : श्रीमद् भागवत साक्षात भगवान का स्वरूप

नरसिंहगढ़. श्रीमद् भागवत कथा का शुभारंभ, कथावाचक बोले

धालभूमगढ़. नरसिंहगढ़ अग्रसेन भवन में 25 से 31 दिसंबर तक श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ होगा. गुरुवार की सुबह दशभुजा दुर्गा मंदिर से 108 महिलाओं ने कलश यात्रा निकाली, जो निशान के साथ अग्रसेन भवन तक गयी. वहीं, श्रीमद् भागवत की शोभायात्रा निकाली गयी. पंडित नेमीचंद शास्त्री के नेतृत्व में पंडितों ने पूजा के बाद यजमान सुनील अग्रवाल व उषा अग्रवाल को श्रीमद् भागवत प्रदान की. इसे मस्तक पर लेकर वे कथा स्थल तक पहुंचे. कथा वाचक विजय गुरु जी महाराज ने दशभुजा मंदिर में मां दुर्गा की स्तुति के बाद कोतवाल मंदिर में विधि-विधान से नारियल फोड़ कर यात्रा का शुभारंभ किया. दोपहर 3 बजे से कथा का शुभारंभ हुआ. कथा वाचक विजय गुरुजी महाराज ने प्रथम दिन भागवत का हमारे जीवन में क्या महत्व है और बेहतर जीवन जीने की सीख कैसे मिलती है के बारे में बताया. उन्होंने कहा कि श्रीमद् भागवत भगवान का साक्षात स्वरूप है. जिनके खुद व पूर्वजों के परम सौभाग्य होते हैं, वे भागवत कथा श्रवण करने पहुंचते हैं. इसके पूर्व पंडित नेमीचंद शास्त्री, पंडित सुनील सारस्वत, पंडित मनीष जी, पंडित नवल किशोर, पंडित प्रेम कुमार ने गणेश गौरी, नवग्रह, षोडश मातृका, सर्वोत्तम भद्र मंडल व पितरों की पूजा करायी. शाम को आरती के बाद प्रसाद वितरण किया गया. कथा के आयोजन में ईश्वर लाल अग्रवाल, आशीष अग्रवाल, सुनील अग्रवाल, अनिल अग्रवाल, निरंजन अग्रवाल, मोहन अग्रवाल, बंटी अग्रवाल का सक्रिय योगदान है. मौके पर पूर्व सूचना आयुक्त प्रबोध रंजन दास, पूर्व जिप सदस्य आरती सामाद, पंसस प्रदीप राय, राज परिवार के नंदन सिंह देव, मारवाड़ी सम्मेलन के लखन लाल अग्रवाल, रमेश अग्रवाल, विजय अग्रवाल, दीपक अग्रवाल समेत श्रद्धालु उपस्थित थे.

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Published by: Atul pathak

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