पीजेएमसीएच परिसर के बाहर शोभा की वस्तु बनी पानी की टंकी

टंकी का नल भी टूटा रहने के कारण लोगों को पानी भी नहीं मिल पाता है और सारा पानी बर्बाद हो जाता है. मरीजों और उनके परिजनों को पानी नहीं मिल पाता है.

दुमका नगर. दुमका के फूलो झानो मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल परिसर के बाहर लगे पानी की टंकी बेकार हो चुकी है. इसके कारण अस्पताल आए मरीज के परिजनों को पानी की समस्या उत्पन्न हो जाती है. साथ ही अन्य लोगों को भी अस्पताल परिसर के बाहर लगे पानी की टंकी से पानी नहीं प्राप्त हो पा रही है. 2014 में बनाए गए इस पानी टंकी का उद्देश्य अस्पताल में आए मरीजों के परिजनों की सुविधा के लिए बनाया गया था, लेकिन कुव्यवस्था के कारण अब यह बेकार होने के कगार पर है. टंकी में पानी तो आता है, पर साफ-सफाई की कमी के कारण टंकी से गंदा पानी आता है, जिससे आमजनों को इससे काफी समस्या होती है. साथ ही टंकी का नल भी टूटा रहने के कारण लोगों को पानी भी नहीं मिल पाता है और सारा पानी बर्बाद हो जाता है. ऐसे में अस्पताल अपने मरीजों के साथ आए परिजनों को इस पानी की समस्या से रू-ब-रू होना पड़ता है. साथ ही पीने के पानी के लिए आसपास के दुकानों से पानी की बोतलों को खरीदकर पानी पीना पड़ता है. वाटर एटीएम भी हुआ बंद : पीजेएमसीएच में मरीज और उनके परिजनों को साफ और स्वच्छ पानी के लिए अस्पताल परिसर के मुख्य गेट पर वाटर एटीएम लगाया गया था, लेकिन सरकारी उदासीनता के कारण अब यह भी बंद हो चुका है. इस वाटर एटीएम को लगाने का एकमात्र उद्देश्य यह था कि इससे अस्पताल में आए मरीजों और उनके परिजनों को कम दर पर शुद्ध पानी प्राप्त हो सके. लेकिन इससे भी मरीजों और उनके परिजनों को पानी की समस्या से रू-ब-रू होना पड़ रहा है. बेकार पड़ा हुआ एक और पानी की टंकी : अस्पताल परिसर के बाहर पानी की पुरानी टंकी के साथ एक और पानी की टंकी लगभग तीन-चार साल पहले बनायी गयी थी. लेकिन अबतक इसकी शुरुआत नहीं हो पायी है. ऐसे ही इस पानी की टंकी शोभा की वस्तु बनी हुई है. लोगों का यह भी कहना है कि यह तो बहुत पहले ही बन चुका था परंतु अबतक इसकी शुरुआत नहीं हो पायी है. कई बार नगर परिषद की टीम आकर इसका मुआयना करके चली भी गयी लेकिन एकबार भी इसकी शुरुआत नहीं हो पायी है. इससे मरीजों और उनके परिजनों को पानी की गंभीर समस्या से जूझना पड़ता है. साथ ही गर्मी के मौसम में इसकी स्थिति और भी भयावह हो जाती है. लोगों को दुकानों से पीने के लिए पानी खरीदना पड़ता है. ऐसे में लोगों से पानी कहां से मिल पाएगा. इसके अलावा पानी की टंकी के आसपास के जगहों पर गंदगी भी फैली हुई है. जिसके कारण इस जगह से बदबू भी आती है और यहां से पानी भी सही तरीके से नहीं मिल पाता है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By BINAY KUMAR

BINAY KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >