प्रतिनिधि, शिकारीपाड़ा: शिकारीपाड़ा थाना क्षेत्र में सोमवार को अलग-अलग सड़क हादसों में एक युवक की मौत हो गयी, जबकि चार युवक गंभीर रूप से घायल हो गये. पहला हादसा सरसडंगाल गांव के पास हुआ, जहां तेज रफ्तार और अनियंत्रित हाइवा ने दो बाइक को सीधी टक्कर मार दी. हादसे में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गयी, जबकि दूसरी बाइक पर सवार दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गये.
दुर्घटना के बाद हाइवा चालक वाहन लेकर रामपुरहाट की ओर फरार हो गया. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा.
साप्ताहिक हाट से लौट रहे थे युवक, रास्ते में हुआ हादसा
बताया गया कि तीनों युवक सरसडंगाल के साप्ताहिक हाट में आये थे. हाट से लौटने के दौरान तेज रफ्तार हाइवा ने उनकी बाइक को अपनी चपेट में ले लिया.
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार मृतक पास के शहरपुर गांव का रहने वाला था. हाइवा की चपेट में आने से उसका सिर गंभीर रूप से कुचल गया था. इस वजह से समाचार लिखे जाने तक मृतक की पहचान नहीं हो सकी थी.
दो घायल रेफर, एक की हालत गंभीर
घायलों की पहचान पाकुड़िया थाना क्षेत्र के तिनसुलिया गांव निवासी सुनीराम सोरेन और शिकारीपाड़ा थाना क्षेत्र के कुरूमटांड़ निवासी आकाल मुर्मू के रूप में हुई है. सुनीराम की हालत गंभीर बतायी जा रही है.
पुलिस ने दोनों घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया. प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने बेहतर इलाज के लिए दोनों को रेफर कर दिया.
चार दिन से सड़क पर खड़ा था खराब हाइवा, फिर हुआ हादसा
दूसरी घटना दुमका-रामपुरहाट मार्ग पर बरसिया के पास हुई. यहां पिछले चार दिनों से गिट्टी लदा एक खराब हाइवा बीच सड़क पर खड़ा है. सोमवार को इसी हाइवा से बाइक टकरा गयी, जिसमें दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गये.
दोनों घायल बरमसिया के रहने वाले बताये जाते हैं और उनकी उम्र करीब 30 से 32 वर्ष है.
न रेडियम, न चेतावनी बोर्ड, रात में बना रहता है बड़ा खतरा
स्थानीय लोगों का आरोप है कि सड़क पर चार दिनों से खड़े खराब हाइवा के दोनों ओर न रेडियम लगाया गया है और न ही चेतावनी बोर्ड. कोई अवरोधक भी नहीं लगाया गया है. ऐसे में रात के समय वाहन चालकों को सड़क पर खड़ा हाइवा दिखाई नहीं देता और हादसे का खतरा बढ़ जाता है.
लोगों के अनुसार 13 सितंबर को भी बाइक सवार तीन युवक इसी हाइवा से टकराकर घायल हुए थे. इससे एक दिन पहले एक बोलेरो भी खड़े हाइवा से टकराकर दुर्घटनाग्रस्त हो गयी थी.
हादसे के बाद भी नहीं जागे जिम्मेदार, लोगों में नाराजगी
लगातार दुर्घटनाओं के बावजूद खराब हाइवा को सड़क से हटाने या मौके पर सुरक्षा के इंतजाम करने की दिशा में पहल नहीं होने से स्थानीय लोगों में नाराजगी है.
ग्रामीणों ने सड़क पर खड़े खराब हाइवा को तत्काल हटाने, दोनों ओर रेडियम लगाने, अवरोधक लगाने और चेतावनी बोर्ड लगाने की मांग की है, ताकि आगे होने वाले हादसों को रोका जा सके.
