प्रतिनिधि, गोपीकांदर: गोपीकांदर थाना क्षेत्र के सिलंगी-गुम्मामोड़ मुख्य मार्ग स्थित मुजरुड़ीह (मुर्गा नाला) आरयू रोड पर बना पुल क्षतिग्रस्त होने से स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों की परेशानी बढ़ गयी है. पुल की स्थिति ऐसी हो गयी है कि इस मार्ग से गुजरने वाले लोगों को रोजाना जोखिम उठाकर आवागमन करना पड़ रहा है.
स्थानीय ग्रामीण कुबराज बेसरा और संदीप टुडू ने बताया कि यह सड़क करीब दो वर्ष पहले ही बनायी गयी थी. इतनी कम अवधि में पुल के क्षतिग्रस्त होने से सड़क और पुल के निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े होने लगे हैं.
स्कूली बच्चों और मरीजों की बढ़ी मुश्किल
क्षतिग्रस्त पुल के कारण इस मार्ग से गुजरने वाले लोगों को काफी सावधानी बरतनी पड़ रही है. सबसे अधिक परेशानी स्कूली छात्रों, मरीजों और किसानों को हो रही है.
ग्रामीणों के अनुसार बरसात के दिनों में पुल की स्थिति और गंभीर हो जाती है. पानी और कीचड़ के कारण आवागमन मुश्किल हो जाता है और किसी भी समय दुर्घटना होने की आशंका बनी रहती है.
शिकायत के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई
स्थानीय ग्रामीण अर्नेस्ट सोरेन, विनोद किस्कू और फिलिप सोरेन ने बताया कि पुल की खराब स्थिति की जानकारी कई बार संबंधित विभाग और प्रशासन को दी गयी है. इसके बावजूद अब तक पुल की मरम्मत या पुनर्निर्माण की दिशा में कोई ठोस पहल नहीं की गयी है.
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण के महज दो साल के भीतर पुल का क्षतिग्रस्त होना गंभीर मामला है. यदि समय रहते इसकी मरम्मत नहीं करायी गयी तो आने वाले दिनों में परेशानी और बढ़ सकती है.
बड़ी दुर्घटना से पहले मरम्मत की मांग
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और संबंधित विभाग से जल्द से जल्द क्षतिग्रस्त पुल की मरम्मत कराने की मांग की है. लोगों का कहना है कि पुल की स्थिति को देखते हुए तत्काल कार्रवाई जरूरी है, ताकि किसी बड़ी दुर्घटना से पहले समस्या का समाधान किया जा सके.
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षतिग्रस्त पुल का निरीक्षण कराकर उसकी गुणवत्ता की भी जांच करायी जाए और जल्द स्थायी समाधान किया जाए.
