सरैयाहाट में बिना परमिट व फिटनेस के चल रहे स्कूल वाहन, नियमों की खुलेआम अनदेखी

वैन, ऑटो, मैजिक और बसें परिवहन विभाग के नियमों को ताक पर रखकर सड़कों पर दौड़ रही हैं, जिससे बच्चों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं.

सरैयाहाट. प्रखंड में शहर से लेकर आसपास के ग्रामीण इलाकों तक संचालित निजी स्कूलों द्वारा स्कूली बच्चों के आवागमन के लिए जर्जर व बिना परमिट वाले वाहनों का धड़ल्ले से इस्तेमाल किया जा रहा है. वैन, ऑटो, मैजिक और बसें परिवहन विभाग के नियमों को ताक पर रखकर सड़कों पर दौड़ रही हैं, जिससे बच्चों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं. परिवहन नियमों के अनुसार स्कूल वाहनों के लिए परिवहन विभाग से परमिट, वार्षिक फिटनेस प्रमाण पत्र, बीमा और निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन अनिवार्य है, लेकिन अधिकांश निजी स्कूल इन नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं. अच्छी शिक्षा के नाम पर मोटी फीस वसूलने वाले स्कूल बच्चों की सुरक्षा को लेकर लापरवाह नजर आ रहे हैं. स्थानीय लोगों के अनुसार कई स्कूल वाहनों में क्षमता से कहीं अधिक बच्चों को ठूंस-ठूंस कर बैठाया जाता है. चालक तेज रफ्तार में वाहन चलाते हैं और कई मामलों में वाहन चालक नाबालिग या बिना ड्राइविंग लाइसेंस के बताए जा रहे हैं. कोठिया स्थित डैफोडिल्स पब्लिक स्कूल सहित प्रखंड के कई स्कूलों की वैनें काफी पुरानी और जर्जर अवस्था में हैं, जिनमें एक-एक वाहन में 25 से 30 बच्चों को बैठाया जा रहा है. समय बचाने के लिए एक ही वाहन से एक से अधिक स्कूलों के बच्चों को लाने-ले जाने की प्रवृत्ति भी बढ़ गयी है. इससे चालक अत्यधिक गति से वाहन चलाते हैं. हाल ही में डैफोडिल्स पब्लिक स्कूल का एक वाहन दुर्घटनाग्रस्त भी हो चुका है, बावजूद इसके व्यवस्था में कोई सुधार नहीं किया गया.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Binay kumar

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >