नगर पंचायत क्षेत्र में स्टेडियम व पार्क का हो निर्माण

प्रभात खबर संवाद में युवा, खेल प्रेमियों व बुद्धिजीवियों ने सुनायी परेशानी, कहा

बासुकिनाथ. नगर पंचायत गठन के वर्षों बाद भी यहां के युवा खेलप्रेमियों के लिए न तो स्टेडियम बना और न ही बच्चों के लिए पार्क बना है. क्षेत्र के कई वार्ड के लोगों को शुद्ध पानी, नाली और सड़क जैसी बुनियादी सुविधा से जूझना पड़ रहा है. प्रभात खबर की टीम ने लोगों की अपेक्षाओं, उम्मीदों और क्षेत्र में व्याप्त समस्याओं की जानकारी लेने के लिए प्रभात संवाद कार्यक्रम क आयोजन किया. इस दौरान लोगों ने खुलकर बात की. लोगों ने बताया कि बासुकिनाथ नगर पंचायत क्षेत्र में सुविधाओं का घोर अभाव है. क्षेत्र में न तो पार्क है और न ही घर घर जलापूर्ति योजना के तहत सभी को शुद्ध पेयजल मिल पाता है. कई बार यहां स्टेडियम व पार्क बनाने का प्रस्ताव तैयार हुआ. पर क्या हुआ कुछ पता नहीं. आर्थिक रूप से संपन्न लोग तो स्वयं व्यवस्था कर शुद्ध पानी का उपयोग कर रहे हैं, लेकिन गरीबों को शुद्ध पेयजल मिलना मुश्किल हो गया है. नगर पंचायत प्रशासन ने बेरहन वार्ड वासियों को अब तक कोई सुधि नहीं ली. वार्ड के लोग आज भी सुविधा का इंतजार कर रहे हैं. जरमुंडी में प्रभात संवाद कार्यक्रम हुआ. नपं क्षेत्र वासियों को नहीं मिल रहे सुविधाओं पर विस्तार से चर्चा की. कहा क्षेत्र में सभी जगहों पर अब भी नाली निर्माण नहीं हुआ है, जहां नाली बना है, उसकी नियमित साफ-सफाई भी नहीं होती है. श्रावणी मेला के बाद भादो मेला भी समापन की ओर है. बावजूद क्षेत्र में फॉगिंग नहीं करायी जा रही है. नगर पंचायत की उदासीनता का आलम यह है कि आज तक क्षेत्र के सभी 12 वार्ड में न तो पानी के लिए पाइपलाइन बिछायी गयी है. न ही पेयजल की कोई ठोस व्यवस्था है. जरमुंडी नीचे बाजार में रोड के दोनों दिशा में पाइपलाइन तक नहीं बिछायी गयी है. ग्रामीण कहते हैं युवा व खेलप्रेमी नपं में खेलप्रेमियों के लिए स्टेडियम नहीं है, जबकि युवाओं द्वारा लंबे समय से इसकी मांग की जा रही है. वहीं जलापूर्ति योजना का लाभ नहीं मिलने से आमलोगों को शुद्ध पेयजल मुहैया नहीं हो पाता है. नहीं चाहते हुए भी लोग दूषित जल पीने को मजबूर हैं. लोग खरीद कर पानी पीते हैं. चापाकलों में आयरन व पीलापन की प्रचुरता है, जो कहीं न कहीं स्वास्थ्य को हानि पहुंचा रहा है. किशोर यादव नपं में युवाओं के लिए स्टेडियम बनाने की जरूरत है. कचरा प्रबंधन की कोई व्यवस्था नहीं है. क्षेत्र में जहां तहां कचरे का ढेर लगा हुआ है. वार्ड क्षेत्र में रोशनी की भी समुचित व्यवस्था नहीं है. वार्ड क्षेत्र स्ट्रीट लाइट नहीं जलती है. सार्वजनिक शौचालय की स्थिति सही नहीं है. पानी की व्यवस्था नहीं है. नप में कई सामुदायिक शौचालय पानी के अभाव में बंद पड़े है, कोई देखने वाला नहीं है. मोहन यादव सभी जगह सप्लाइ पानी के लिए पाइपलाइन भी नहीं बिछायी गयी है.जलापुर्ति योजना में लूट मचा हुआ है, चापाकल से पानी लेकर पीते हैं. गर्मी में तो चापाकल सूख जाता है. दिक्कत होती है.अत्यधिक बारिश से कई चापानल के नीचे मिट्टी भी धंस गया है, जिससे चापानल खराब हो गया है.विभाग के कर्मी कहते हैं जल स्तर नीचे चले गया है इसलिए पानी चापाकल से नहीं निकलता है. धर्मेंद्र मिस्त्री सबसे बड़ी समस्या बाजार रोड में लगने वाले जाम की है. पार्किंग की सुविधा नहीं होने से लोगों को परेशानी होती है. जहां-तहां वाहन लगाया जाता है. पेयजलापूर्ति की व्यवस्था नहीं है. क्षेत्र में मच्छर का प्रकोप बढ़ गया है. नपं में कई समस्याएं है. नगर पंचायत द्वारा होल्डिंग टैक्स भी लिया जाता है, लेकिन सुविधा नहीं दिया जा रहा है. शहरी क्षेत्र केवल नाम के है. कोई लाभ नहीं मिलता. सुभाष दास जब से नगर पंचायत बनी है. तब से जनता को अतिरिक्त बोझ होल्डिंग टैक्स के रूप में मिला. बाजार रोड में जमा कचरे से दुर्गंध आती है. इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है. जरमुंडी में स्टेडियम नहीं है. युवा खेलप्रेमी कहां खेलकूद करे. जनप्रतिनिधि को तो कोई मतलब ही नहीं है. शुद्ध पेयजल की समस्या बनी हुई है. बोतल बंद पानी खरीद कर पी रहे हैं. प्रदीप यादव नपं क्षेत्र के बेरहन गांव में सिंचाई की कोई सुविधा नहीं है. पेयजल की सुविधा उपलब्ध नहीं है. यहां केवल एक चापानल है, जो कई वर्षों से खराब पड़ा है. पीने का साफ पानी नहीं मिल पा रहा, तो फसल के लिए जल की उपलब्धता कैसे होगी. समस्याओं के तत्काल समाधान की जरूरत पेयजल संकट, शिक्षा, सड़क, सिंचाई और रोजगार जैसी समस्याओं के समाधान होना चाहिए. वकील मंडल जरमुंडी मुख्य बाजार में जल-निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं रहने के कारण नाला का पानी घरों से पानी निकलने में समस्या बना रहता है. नाला का पानी घर में घुसता है. ग्रामीण अपने खर्च पर नाला की मरम्मत करा रहे हैं. नियमित कूड़ा-कचड़ा की सफाई नहीं होने के कारण यत्र-तत्र पसरा रहता है. सरकार द्वारा घोषित योजनाओं का लाभ गरीबों तक नहीं पहुंच रहा है. निवास यादव करोड़ों की लागत से नपं में जलापूर्ति योजना का काम हुआ. बावजूद सभी वार्ड क्षेत्र में शुद्ध सप्लाइ जल लोगों को नहीं मिलता है. पानी का पाइप भी सभी गांवों में नहीं बिछाया गया है. हथनंगा गांव में तो गरीबों को सप्लाइ पानी नसीब नहीं है. अलग से कोई भी नल व भेट नपं द्वारा गांव में नहीं बनाया गया है. गरीबों को पानी नहीं मिलता है. नपं प्रशासक को पहल करने की जरूरत है. मसूदी मंडल

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Published by: Rakesh kumar

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