लघु परंपरा पर आधारित मंदिरों के स्थापत्य व टेराकोटा देख हुए प्रभावित
शिकारीपाड़ा : केन्द्रीय कृषि एवं कृषक कल्याण राज्यमंत्री सुदर्शन भगत ने बुधवार दुमका जिला के शिकारीपाड़ा प्रखंड में अवस्थित मंदिरों का गांव मलुटी का परिभ्रमण किया तथा पूजा अर्चना की. वृहत और लघु परंपरा पर आधारित मंदिरों के स्थापत्य, विशेष कर टेराकोटा स्थापत्य से वे विशेष रूप से प्रभावित हुए. कहा कि नयी दिल्ली के राजपथ पर झारखंड की झांकी से जो प्रभाव एवं जिज्ञासा सृजित हुई थी, मलुटी आकर वह और बलवती हो गयी है. मलुटी में टेराकोटा शैली मे निर्मित मंदिरों के जीर्णोद्धार के संबंध में गोपाल दास मुखर्जी व ग्रामीणों ने प्राथमिकता के आधार पर कार्य करने, नष्ट हुए टेराकोटा कलाकृति की पुर्नस्थापना, पुरातत्व विशेषज्ञ के निदेशन में संरक्षण कार्य कराये जाने तथा एक साथ 3-4 ग्रूप द्वारा कार्य किये जाने सहित 4 सूत्री मांग रखी.
राज्यमंत्री श्री भगत ने एक सवाल के जवाब में कहा कि खरसांवा में मुख्यमंत्री रघुवर दास पर जूता फेंके जाने की घटना निंदनीय है. लोकतंत्र में सभी को संवैधानिक रूप से अपनी बात रखने का अधिकार है. सरकार के मुखिया संपूर्ण राज्य के मुखिया होते हैं. उनका सम्मान होना चाहिए. आगे उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को राज्य सरकार द्वारा दंडित किया जाना चाहिए ताकि इस प्रकार की घटना न हो. मौके पर भाजपा जिला अध्यक्ष निवास मंडल, जिला कृषि पदाधिकारी सुरेन्द्र सिंह, जिला गव्य विकास पदाधिकारी अरुण कुमार सिन्हा, परियोजना निदेशक आत्मा डाॅ दिवेश कुमार सिंह, जिला मत्स्य पदाधिकारी अलका पन्ना तथा मलुटी के गोपालदास मुखर्जी, बबलू चटर्जी, समीर कुमार साहा, सोनाली चटर्जी, उत्पल चौधरी सहित ग्रामीण उपस्थित थे.
