एसपीटी एक्ट में संशोधन के िवरोध में बोलीं वृंदा
दुमका : माकपा पोलित ब्यूरो की सदस्य सह पूर्व सांसद वृंदा करात ने कहा कि झारखंड में एसपीटी और सीएनटी एक्ट आदिवासियों-मूलवासियों के लिए रक्षा कवच है, पर रघुवर सरकार ने पूंजीपतियों, उद्योगपतियों और रीयल इस्टेट कारोबारियों के खातिर इसमें संशोधन किया है. आदिवासियों के अधिकारों को छीनने की कोशिश की गयी है. सरकार ने संशोधन कर जमीन दखल कानून बना डाला है. आदिवासी अधिकार मंच की एक सभा को दुमका में संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि अपनी जमीन की रक्षा के लिए संशोधन का विरोध करने पर छात्रों को इसका शिकार बनाया जा रहा है. नाजुक व पढ़ने लिखने के उम्र में सरकार उन्हें निशाना बना रही है. बदनाम कर रही है. आवाज को दबाने की कोशिश कर रही है. इससे सरकार के खिलाफ आक्रोश बढ़ रहा है और बढ़ेगा. चाहे इसे दबाने की सरकार लाख कोशिशें करे. यह आवाज अब दबने वाली नहीं है.
दिल्ली तक पहुंचायेंगे आदिवासी छात्रावासों की बदहाली का मुद्दा : वृंदा करात ने
जनता की अावाज दबाने के लिए छात्रों को निशाना बना रही है सरकार : करात
दिल्ली तक पहुंचायेंगे आदिवासी छात्रावासों की बदहाली का मुद्दा
संशोधन के नाम पर आदिवािसयों का अधिकार छीनने की कोशिश
