अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत कतरासगढ़ रेलवे स्टेशन के आधुनिकीकरण और सौंदर्यीकरण का काम अंतिम चरण में है, लेकिन यात्रियों को बुनियादी सुविधा पानी के लिए अब भी परेशान होना पड़ रहा है. स्टेशन से गुजरने वाली ट्रेनों के रुकते ही यात्री पानी लेने के लिए वाटर बूथ और नलों की ओर दौड़ते हैं, लेकिन पानी नहीं मिलने पर उन्हें मायूस होकर दूसरे नल की तलाश करनी पड़ती है. यात्रियों का कहना है कि स्टेशन पर पानी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने से उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
नये नलकूप लगे, फिर भी नहीं मिल रहा पानी
स्टेशन परिसर में दो दर्जन से अधिक नये नलकूप लगाये गये हैं, लेकिन अब तक इनमें पानी की सप्लाई शुरू नहीं हुई है. ऐसे में नये संसाधन उपलब्ध होने के बावजूद यात्रियों को उनका लाभ नहीं मिल पा रहा है. ट्रेन से सफर करने वाले यात्रियों के लिए खासकर गर्मी और लंबी दूरी की यात्रा के दौरान पानी की समस्या परेशानी का कारण बन रही है.
ट्रेन रुकते ही वाटर बूथ की ओर दौड़ते हैं यात्री
कतरासगढ़ स्टेशन पर ट्रेन के रुकते ही बड़ी संख्या में यात्री पानी की तलाश में वाटर बूथ की ओर जाते हैं. वहां पानी नहीं मिलने पर यात्री स्टेशन के दूसरे नलों की ओर जाते हैं. कई बार उन्हें कहीं भी पानी उपलब्ध नहीं हो पाता. इससे यात्रियों में नाराजगी देखी जा रही है.
अंतिम चरण में है स्टेशन का आधुनिकीकरण
कतरासगढ़ स्टेशन का आधुनिकीकरण और सौंदर्यीकरण अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत किया जा रहा है. इसके तहत नये प्लेटफॉर्मों का निर्माण, यात्री सुविधाओं का विस्तार और अन्य आधुनिकीकरण कार्य किये जा रहे हैं. निर्माण कार्य अंतिम चरण में बताया जा रहा है. रेलवे अधिकारियों की ओर से कार्यों की लगातार समीक्षा भी की जा रही है, ताकि यात्रियों को बेहतर और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध करायी जा सकें.
2023 में हुआ था ऑनलाइन शिलान्यास
कतरासगढ़ स्टेशन के विकास कार्य का ऑनलाइन शिलान्यास 6 सितंबर 2023 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था. उस समय कतरासगढ़ स्टेशन पर गिरिडीह सांसद चंद्रप्रकाश चौधरी और तत्कालीन विधायक ढुल्लू महतो भी मौजूद थे. स्टेशन के विकास पर काम आगे बढ़ने के बावजूद पानी की समस्या अब भी बनी हुई है. यात्रियों की मांग है कि नये नलकूपों से जल्द पानी की सप्लाई शुरू करायी जाये और स्टेशन पर नियमित पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित की जाये.
