धनबाद जिले के किसानों और कृषक समूहों के लिए कृषि यंत्र अनुदान पर लेने का अच्छा मौका है. वित्तीय वर्ष 2026-27 में केंद्र प्रायोजित पीएम-आरकेवीवाइ-रफ्तार योजना की कृषि यंत्रीकरण उपयोजना के तहत विभिन्न कृषि यंत्र अनुदानित दर पर उपलब्ध कराये जायेंगे.
योजना के तहत कृषि उपकरण बैंक की स्थापना के लिए महिला समूह, कृषक समूह, लैम्प, पैक्स और अन्य समूहों को अधिकतम आठ लाख रुपये तक का अनुदान दिया जायेगा. इच्छुक किसान और समूह 12 सितंबर 2026 तक आवेदन कर सकते हैं.
पावर टिलर से राइस ट्रांसप्लांटर तक मिलेगा अनुदान
योजना के तहत आठ से 11 बीएचपी पावर टिलर पर अधिकतम 1.20 लाख रुपये और 12 बीएचपी से अधिक क्षमता वाले पावर टिलर पर अधिकतम 2.16 लाख रुपये तक अनुदान मिलेगा. विभिन्न क्षमता के सेल्फ प्रोपेल्ड पावर वीडर पर 36 हजार से 1.02 लाख रुपये तक अनुदान निर्धारित किया गया है.
चार कतार वाले सेल्फ प्रोपेल्ड राइस ट्रांसप्लांटर पर अधिकतम 1.02 लाख रुपये तथा चार कतार वाले क्रॉप रीपर पर 45 हजार रुपये तक अनुदान दिया जायेगा. इससे किसानों को आधुनिक कृषि उपकरण खरीदने में आर्थिक मदद मिलेगी और खेती के काम को आसान बनाने में सहायता मिलेगी.
ट्रैक्टर चालित यंत्र और प्रसंस्करण मशीन भी शामिल
20 बीएचपी तक के ट्रैक्टर या पावर टिलर चालित एमबी प्लाऊ पर 26 हजार, केज व्हील पर 18 हजार, कल्टीवेटर पर 24 हजार, मल्टी क्रॉप थ्रेशर पर 48 हजार और पैडी थ्रेशर पर 46 हजार रुपये तक अनुदान मिलेगा.
वहीं, 20 से 35 बीएचपी ट्रैक्टर चालित यंत्रों में एमबी प्लाऊ पर 42 हजार, केज व्हील और कल्टीवेटर पर 22-22 हजार, मल्टी क्रॉप थ्रेशर पर 75 हजार, पैडी थ्रेशर पर 60 हजार, पांच फीट तक रोटावेटर पर 55 हजार और जीरो टिल सीड ड्रिल पर 28 हजार रुपये तक अनुदान निर्धारित किया गया है.
35 बीएचपी से अधिक क्षमता वाले ट्रैक्टर के छह और सात फीट रोटावेटर पर क्रमशः 72 हजार और 84 हजार रुपये तक अनुदान मिलेगा. मिनी राइस मिल में 0.5 टीपीएच तक की क्षमता वाली मशीन पर 90 हजार और 0.5 से 1 टीपीएच क्षमता वाली मशीन पर 1.08 लाख रुपये तक अनुदान दिया जायेगा.
मिनी दाल मिल की क्षमता के अनुसार 72 हजार से 1.08 लाख रुपये तक अनुदान मिलेगा. मैनुअल, नैपसैक, फुट या बैटरी चालित स्प्रेयर पर 20 हजार रुपये, सौर नैपसैक स्प्रेयर पर 12 हजार और आठ से 12 लीटर क्षमता वाले पावर स्प्रेयर पर 25 हजार रुपये तक अनुदान निर्धारित है. 15 एचपी तक के सिंचाई पंप पर भी 28 हजार रुपये तक अनुदान मिलेगा.
एक किसान को एक वित्तीय वर्ष में एक ही आवेदन
योजना का क्रियान्वयन जेएसएलपीएस द्वारा गठित सक्षम महिला स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से किया जायेगा. सूची उपलब्ध नहीं होने की स्थिति में ग्राम संगठन, क्लस्टर फेडरेशन, सहकारी समिति, कृषक उत्पादक संस्थान या जलछाजन समिति के माध्यम से भी योजना लागू की जा सकेगी.
जिन किसानों या समूहों ने पहले कृषि उपकरण बैंक या किसी केंद्र अथवा राज्य योजना के माध्यम से कोई कृषि यंत्र प्राप्त किया है, वे उस यंत्र को छोड़कर अन्य कृषि यंत्र के लिए पात्र होंगे. एक वित्तीय वर्ष में प्रत्येक किसान का केवल एक आवेदन स्वीकार किया जायेगा.
कृषि उपकरण बैंक से संबंधित आवेदनों का चयन संबंधित ग्राम सभा की अनुशंसा के बाद किया जायेगा. वहीं, ट्रैक्टर चालित यंत्र के लिए किसान के नाम पर ट्रैक्टर होना जरूरी है. आवेदन के साथ ट्रैक्टर का पंजीकरण प्रमाणपत्र भी देना होगा.
भूमि संरक्षण कार्यालय से मिलेगा आवेदन पत्र
इच्छुक किसान और समूह आवेदन पत्र भूमि संरक्षण सर्वेक्षण कार्यालय, धनबाद से प्राप्त कर सकते हैं. आवेदन 12 सितंबर 2026 तक जिला कार्यक्रम प्रबंधक, जेएसएलपीएस, धनबाद तथा भूमि संरक्षण सर्वेक्षण पदाधिकारी के कार्यालय में जमा किया जा सकेगा.
दोनों कार्यालय जिला संयुक्त कृषि भवन, सरायढेला, धनबाद में स्थित हैं. किसानों को सलाह दी गयी है कि आवेदन निर्धारित समय सीमा के भीतर जमा करें और आवेदन के साथ मांगे गये आवश्यक दस्तावेज अवश्य उपलब्ध करायें.
