धनबाद, जिले के तोपचांची व बाघमारा प्रखंड क्षेत्र में उच्च शिक्षा के विस्तार को लेकर प्रशासन ने पहल तेज कर दी है. अपर समाहर्ता बिनोद कुमार ने शुक्रवार को पत्र जारी करते हुए दोनों अंचलों के अंचल अधिकारियों को निर्देश दिया है कि नये महाविद्यालय की स्थापना के लिए प्रत्येक स्थान पर 10 एकड़ सरकारी भूमि चिह्नित की जाये. यह पहल राज्य सरकार के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग (उच्च शिक्षा प्रभाग), झारखंड, रांची के पत्र के आलोक में की जा रही है. विभाग ने भू-गौलिक स्थिति को ध्यान में रखते हुए ऐसे सुदूरवर्ती क्षेत्रों में महाविद्यालय खोलने का निर्णय लिया है, जहां इसकी लंबे समय से आवश्यकता महसूस की जा रही थी.
जॉब ओरिएंटेड कोर्सेस पर रहेगा फोकस
अपर समाहर्ता द्वारा भेजे गये निर्देश में स्पष्ट किया गया है कि प्रस्तावित महाविद्यालयों में व्यावसायिक एवं जॉब ओरिएंटेड पाठ्यक्रमों की पढ़ाई करायी जाएगी, जिससे स्थानीय युवाओं को रोजगारपरक शिक्षा मिल सके. अंचल अधिकारियों को निर्देश दिया है कि चिन्हित भूमि का ट्रेस नक्शा सहित विस्तृत प्रतिवेदन अविलंब उपलब्ध करायें, ताकि आगे की कार्रवाई शीघ्र पूरी की जा सके. गौरतलब है कि इन क्षेत्रों में महाविद्यालय खोलने की मांग जनप्रतिनिधियों द्वारा भी लगातार उठायी जाती रही है, जिससे इस निर्णय को स्थानीय स्तर पर महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
