सारवां: थाना क्षेत्र की जियाखाड़ा पंचायत अंतर्गत लोहारडीह टोला के सोखा गांव में शुक्रवार रात हुई हृदय विदारक घटना से पूरे गांव में शोक की लहर है. मां की बारहवीं के श्राद्ध का बचा हुआ खाना फेंकने गए पुत्र उमेश वर्मा (43) की बिजली पोल के समीप करंट लगने से मौत हो गई. वह शशि वर्मा (65) के बड़े पुत्र थे. बताया गया कि शुक्रवार रात तेज बारिश के बीच उमेश वर्मा मां के बारहवीं श्राद्ध कर्म का बचा हुआ खाना फेंकने घर से निकला था.
काफी देर तक वापस नहीं लौटने पर परिजन और रिश्तेदार उनकी तलाश में निकले. खोजबीन के दौरान वह बिजली पोल के समीप गिरा मिला. ग्रामीणों के अनुसार बारिश के कारण बिजली पोल में करंट आ गया था, जिसकी चपेट में आने से उमेश वर्मा की मौत हो गई. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कागजी कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए देवघर भेज दिया.
इस संबंध में मृतक के पुत्र विक्रम वर्मा के फर्द बयान में घटना की पुष्टि की गयी है. वहीं, घटना की जानकारी मिलते ही जिला परिषद सदस्य जितेंद्र प्रसाद सिंह, समाजसेवी लालू मिश्र सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीण मौके पर पहुंचे और शोकाकुल परिजनों को ढांढस बंधाया. कहा कि परिवार पर विपत्ति का पहाड़ टूट पड़ा है. पहले मां का निधन हुआ और उनकी बारहवीं की रात ही पुत्र की दर्दनाक मौत हो गयी.
मृतक अपने पीछे वृद्ध पिता, पत्नी और दो बेटों को छोड़ गये हैं. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. उनका कहना है कि परिवार एक दुख से उबर भी नहीं पाया था कि दूसरी बड़ी घटना हो गयी.
क्या कहते हैं पदाधिकारी
घटना की सूचना मिलने पर जांच के लिए पहुंचे थे. श्राद्ध कर्म के लिए जनरेटर लगाया गया था, जिसमें जगह-जगह कट था, जिसकी वजह से हादसा हुआ. इसमें बिजली विभाग की कोई गलती नहीं है.
सोमेश कुमार, एसडीओ, बिजली विभाग ने ये कहा
बचा खाना फेंकने गया था बेटा, बिजली पोल के समीप करंट लगने से मौतश्राद्ध का बचा खाना फेंकने गया था उमेश वर्मा, बिजली पोल के समीप मिला शव
