Deoghar news : प्रधान डाकघर में रेलवे आरक्षण टिकट काउंटर बंद, बुजुर्ग यात्रियों को होगी असुविधा

प्रधान डाकघर में वर्षों से संचालित रेलवे आरक्षण टिकट काउंटर को बंद करने का आदेश रेलवे बोर्ड ने जारी कर दिया है. इस काउंटर से बुजुर्गों को काफी सुविधा होती थी.

संवाददाता, देवघर . प्रधान डाकघर में वर्षों से संचालित रेलवे आरक्षण टिकट काउंटर को बंद करने का आदेश रेलवे बोर्ड ने जारी कर दिया है. आदेश के बाद पूर्व रेलवे के कमर्शियल डिपार्टमेंट के कर्मचारी काउंटर से जुड़े उपकरण विभागीय प्रक्रिया के बाद लेने पहुंचे थे. दरअसल, काउंटर भले ही ज्यादा भीड़ भाड़ वाला नहीं था, लेकिन बुजुर्गों और तकनीक से दूर यात्रियों के लिए यह बड़ी राहत बना हुआ था. डाकघर से मिली जानकारी के अनुसार इस काउंटर से हर महीने रेलवे को 10 से 12 लाख रुपये का राजस्व मिल रहा था. खासकर तत्काल टिकट की सुविधा यहां से बुजुर्गों को आसानी से मिल जाती थी.

इसके बावजूद रेलवे का तर्क है कि यहां से प्रतिदिन औसतन मात्र 10 टिकट ही जारी हो रहे थे, जिससे रेलवे को अपेक्षित लाभ नहीं मिल रहा था. इसी आधार पर काउंटर बंद करने का निर्णय लिया गया. काउंटर बंद होने से डाकघर को प्रत्यक्ष रूप से भले ज्यादा नुकसान नहीं होगा, लेकिन आय का एक स्रोत जरूर खत्म हो जायेगा. नियम के अनुसार रेलवे ने केवल उपकरण उपलब्ध कराये थे, जबकि भवन, मैनपावर, बिजली समेत अन्य संसाधन डाकघर की ओर से दिये जा रहे थे. इसके एवज में प्रति पीएनआर डाकघर को कमीशन मिलता था.स्लीपर में 15 रुपये, थर्ड एसी में 20 रुपये और फर्स्ट और सेकेंड एसी में 30 रुपये. इससे डाकघर को हर महीने सात से आठ हजार रुपये की आमदनी होती थी.

कहते हैं सीनियर डीसीएम

देवघर प्रधान डाकघर में प्रतिदिन औसतन 10 टिकट ही जारी हो रहे थे, इसी कारण काउंटर बंद करने का निर्देश दिया गया है. हालांकि बुजुर्गों को होने वाली परेशानी को देखते हुए रेलवे बोर्ड को इस संबंध में एक बार फिर लिखित रूप से अवगत कराया जायेगा.

मार्टिन ए सिल्वा ,सीनियर डीसीएम, आसनसोल मंडल

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Published by: Sanjeev mishra

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