प्रतिनिधि, जसीडीह : जसीडीह थाना क्षेत्र के सरसा मोड़ के पास अज्ञात वाहन की टक्कर से घायल मजदूर की इलाज के दौरान मौत हो गयी. मृतक की पहचान दर्दमारा गांव निवासी केशो पूजहर (47 वर्ष) के रूप में हुई है. घटना के विरोध में तथा मुआवजे व सरकारी योजनाओं के लाभ की मांग को लेकर आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने सोमवार सुबह दर्दमारा बॉर्डर के पास देवघर-सुल्तानगंज मुख्य पथ को जाम कर दिया. परिजनों ने शव को सड़क पर रखकर करीब डेढ़ घंटे तक प्रदर्शन किया. जाम की सूचना मिलने पर जसीडीह पुलिस मौके पर पहुंची और सरकारी प्रावधान के तहत मुआवजा दिलाने का आश्वासन देकर जाम हटवाया. इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेजा गया. जानकारी के अनुसार, केशो पूजहर मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता था. रविवार शाम वह साइकिल से कुशमाहा गांव स्थित पीडीएस दुकान से राशन लेकर वापस घर लौटने के दौरान सरसा मोड़ के पास एक अज्ञात वाहन ने धक्का मार दिया. इस दुर्घटना में वह गंभीर रूप से घायल हो गया. स्थानीय लोगों और परिजनों ने उसे इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां से एम्स रेफर कर दिया गया. एम्स में इलाज के दौरान देर रात उसकी मौत हो गयी. घटना की जानकारी मिलते ही सोमवार सुबह परिजन और ग्रामीण आक्रोशित हो उठे. उन्होंने मृतक के शव को सड़क पर रखकर देवघर-सुल्तानगंज मुख्य मार्ग जाम कर दिया. सड़क जाम के कारण दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गयी और यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा. जाम की सूचना पाकर जसीडीह थाना के प्रभारी थानेदार एसआई रामानुज सिंह, एसआई राजेश कुमार झा, देवनाथ उरांव, एएसआई अनीस कुमार सिंह और कौशलेंद्र कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. पुलिस अधिकारियों ने परिजनों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण तत्काल मुआवजा और सरकारी सहायता की मांग पर अड़े रहे. काफी देर तक वार्ता के बाद पुलिस ने सरकारी प्रावधान के तहत सहायता दिलाने का आश्वासन दिया, जिसके बाद परिजन जाम हटाने को तैयार हुए. जाम समाप्त होने के बाद पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया. मामले को लेकर जसीडीह थाना में प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया चल रही है. पुलिस अज्ञात वाहन की पहचान में जुटी है.
बॉक्स खबर: पुलिस ने कई बार सीओ को किया फोन, नहीं मिला जवाब
दर्दमारा बॉर्डर देवघर-सुल्तानगंज मुख्य मार्ग पर स्थित है. सड़क जाम के कारण यातायात व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो गयी थी. पुलिस को उम्मीद थी कि यदि सीओ मौके पर पहुंचते, तो तत्काल कुछ सहायता राशि और सरकारी योजनाओं के लाभ की प्रक्रिया शुरू हो सकती थी, जिससे परिजन जल्द मान जाते. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पुलिस ने मौके से ही देवघर सीओ को कई बार मोबाइल पर कॉल किया, लेकिन एक बार भी फोन रिसिव नहीं हुआ. पुलिस अधिकारियों ने जाम की सूचना देने और स्थिति से अवगत कराने का प्रयास किया, परंतु संपर्क नहीं हो सका. सीओ के मौके पर नहीं पहुंचने के कारण सड़क जाम करीब डेढ़ घंटे तक जारी रहा.
हाइलाइट्ससरसा मोड़ के पास अज्ञात वाहन की टक्कर में घायल मजदूर की इलाज के दौरान हुई मौत
परिजनों व ग्रामीणों ने शव सड़क पर रखकर देवघर-सुल्तानगंज मुख्य पथ किया जामपुलिस के आश्वासन के बाद करीब डेढ़ घंटे बाद हटाया गया जाम
