वरीय संवाददाता, देवघर : श्रावणी मेला के दौरान भीड़ की आड़ में नकली नोट खपाने वाला गिरोह सक्रिय होने की आशंका सामने आयी है. गुरुवार को यूनियन बैंक में 40 हजार रुपये जमा कराने पहुंचे एक व्यक्ति के नोटों में पांच-पांच सौ रुपये के पांच नकली नोट मिले. बैंक अधिकारियों ने इसकी सूचना नगर थाना पुलिस को दी. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और संदिग्ध व्यक्ति को हिरासत में लेकर थाना ले आयी.
बैग बेचने का काम करता है संदिग्ध, आसनसोल-कोलकाता से मंगाता है सामान
पूछताछ के दौरान संदिग्ध ने बताया कि वह गिरिडीह जिले के जमुआ थाना क्षेत्र का रहने वाला है. श्रावणी मेला के दौरान वह अपने बेटे के साथ देवघर में बैग बेचने का काम करता है. उसके अनुसार, बैग बंगाल के आसनसोल और कोलकाता से मंगाता है और देवघर में बेचता है.
कांवरिया के वेश में व्यक्ति पर नकली नोट देने का आरोप
संदिग्ध ने पुलिस को बताया कि जिस व्यक्ति से वह बैग मंगाता है, उसी का पैसा जमा कराने के लिए वह बैंक गया था. उसका दावा है कि भीड़भाड़ के दौरान कांवरिया के वेश में किसी व्यक्ति ने उसे नकली नोट थमा दिया. संदिग्ध के अनुसार, उसे नोटों के नकली होने की जानकारी नहीं थी और बैग सप्लायर को रकम देने के लिए वह बैंक में पैसा जमा कराने पहुंचा था.
नकली नोट के नेटवर्क की तलाश में जुटी पुलिस
नगर थाना पुलिस संदिग्ध से पूछताछ कर रही है. पुलिस अब नकली नोट खपाने वाले लोगों और इसके पीछे सक्रिय नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है. पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है कि नकली नोट संदिग्ध तक कैसे पहुंचे और इसके पीछे कौन लोग शामिल हैं.
पुलिस ने कारोबारियों से लेनदेन में सतर्कता बरतने की अपील की
देवघर पुलिस ने कारोबारियों से अपील की है कि श्रावणी मेला के दौरान रुपये के लेनदेन में विशेष सावधानी बरतें. नोट लेते और देते समय उसकी अच्छी तरह जांच कर लें, ताकि नकली नोटों के कारोबार पर रोक लगायी जा सके.
