चितरा. कोलियरी चितरा क्षेत्र के प्रभावित गांवों में पिछले करीब छह दिनों से टैंकर के माध्यम से होने वाली जल आपूर्ति बाधित रहने से ग्रामीणों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ा. पानी की किल्लत के कारण लोग अपनी जरूरतों के लिए इधर-उधर भटकते रहे. दरअसल, आउटसोर्सिंग व्यवस्था के तहत चलने वाले पानी टैंकर का संचालन मार्च क्लोजिंग के बाद नयी स्वीकृति में विलंब के कारण रुक गया था. कोलियरी के वित्त विभाग में स्वीकृति प्रक्रिया लंबित रहने के चलते कई दिनों तक जलापूर्ति बहाल नहीं हो सकी. स्वीकृति मिलने के बाद भी डीजल की कमी ने समस्या को और बढ़ा दिया, जिससे टैंकर संचालन में अतिरिक्त देरी हुई. पानी की किल्लत से नाराज तुलसीडाबर गांव के ग्रामीणों ने विरोध जताते हुए आउटसोर्सिंग कंपनी का काम कुछ घंटे के लिए बाधित कर दिया. हालांकि, प्रबंधन और कंपनी द्वारा जल्द जलापूर्ति बहाल करने के आश्वासन के बाद स्थिति सामान्य हो गयी और कार्य फिर से शुरू कर दिया गया. कोलियरी महाप्रबंधक मदन मोहन कुमार ने बताया कि टैंकर संचालन के लिए स्वीकृति मिल चुकी है और शुक्रवार की शाम से जलापूर्ति दोबारा शुरू कर दी गयी है. उन्होंने कहा कि तकनीकी और प्रशासनिक कारणों से उत्पन्न समस्या अब पूरी तरह से दूर कर दी गयी है. हाइलार्ट्स : आक्रोशित ग्रामीणों ने कुछ देर के लिए रोका आउटसोर्सिंग कार्य
कोलियरी प्रभावित गांवों में छह दिन से जल संकट, टैंकर बंद रहने से बढ़ी परेशानियां
आक्रोशित ग्रामीणों ने कुछ देर के लिए रोका आउटसोर्सिंग कार्य
