मधुपुर: पथलजोर पंचायत के लथरापाथर गांव में पानी की किल्लत से ग्रामीण परेशान है. महिलाएं कच्चा कुआं से पानी पीने को विवश है. इस गांव में चापानल व सरकारी कुआं के नहीं होने के कारण लोगों को पानी के लिए इधर उधर भटकने को विवश है. स्थिति यह है जल संकट से जूझ रही महिलाओं को अपने बच्चों के लिए दूध से पहले पानी की व्यवस्था करनी पड़ती है.
गांव में लोग आपसी सहयोग से खोदे गये करीब 15 फीट का कच्चा कुआं से पानी पीने को विवश हैं. बरसात के समय कुआं में खेतों व आसपास का गंदा पानी भर जाता है.जिससे ग्रामीणों को काफी परेशानी होती है. गांव में सड़क नहीं है, लिहाजा पगडंडी पर चलना पड़ता है. ग्रामीण इस्लाम शेख, परमेश्वर मरांडी, लीलमुनी टुडू, सकीना बीबी, विनोद मरांडी, कुलसन बीबी, रूही बीबी, रूकसाना बीबी, अमीना बीबी, अनाउल शेख, दाउद शेख आदि ने बताया कि उन लोगों के गांव में कोई विकास नहीं हुआ. जब विकास की बात करते है तो वन विभाग की जमीन बता कर उन लोगों को दरकिनार कर दिया जाता है.
मूलभूत समस्याओं का भी अभाव
गांव में कई मूलभूत सुविधाओं का अभाव भी है. गांव में बिजली भी अब तक नहीं पहुंची है. विभाग द्वारा बिजली का खंभा लगा कर छोड़ दिया गया है. कहा कि जनप्रतिनिधि भी समस्याओं से निजात दिला पाने में असफल है.
ग्रामीणों ने बताया कि समस्याओं को लेकर स्थानीय विधायक सह श्रम मंत्री राज पलिवार को भी गांव की समस्याओं से अवगत कराया. लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है. लोगों को अब भी उम्मीद है कि जनप्रतिनिधि व विभाग उनकी समस्या को सुनेंगे व समाधान के लिए कोई कारगर कदम उठायेंगे
