ड्रेनेज सिस्टम नहीं होने के कारण स्वच्छता अभियान साबित हुआ फिसड्डी
देवघर : स्वच्छ भारत रैंकिंग में संताल परगना के सभी जिले पिछड़ गये हैं. देवघर को छोड़ उपराजधानी दुमका, साहेबगंज, पाकुड़, जामताड़ा और गोड्डा तो 434 की सूची में भी स्थान नहीं बना पाया है. सिर्फ देवघर 102वां रैंक पाने में सफल हुआ है. जबकि स्वच्छ भारत अभियान के तहत संताल के सभी जिले में व्यापक अभियान चला था. प्रशासनिक अधिकारी, राजनेता, एनजीओ, शिक्षण संस्थानों, नगर निगम सहित अन्य संस्थाओं ने सड़कों पर झाड़ू लगा कर स्वच्छता का संदेश दिया. लेकिन इसका कुछ खास असर नहीं पड़ा. यही कारण है कि रैंकिंग में देवघर जिला अंडर 100 में भी जगह नहीं बना पाया. स्वच्छता सर्वेक्षण-2017 में देवघर शहर को 1232 अंक मिले हैं. झारखंड में देवघर को पांचवां स्थान प्राप्त हुआ है.
स्वच्छता में पिछड़ रहे नगर निगम व नगर पर्षद : संताल परगना की बात करें तो स्वच्छता की दृष्टिकोण से इस इलाके के सभी नगर पर्षद व नगरपालिका काफी पिछड़े हैं. रैंकिंग में जगह नहीं बना पाना इस बात को दर्शाता है कि जो भी अभियान चला, वह कारगर नहीं रहा. विभागीय तैयारी भी सिर्फ खानापूर्ति थी. इस कारण ये जिले देशभर के 434 शहरों की सूची में जगह नहीं बना पाये.
स्वच्छता सर्वेक्षण-2017 : स्वच्छ भारत रैंकिंग में पिछड़ा संताल, देवघर को मिला 102वां स्थान
