घर में फ्रीज रहने के बावजूद बढ़ रही घड़ा व सुराही की मांग

मधुपुर: तपती गरमी के साथ ही अचानक देशी फ्रीज के रूप में पहचाने जाने वाले घड़ा व सुराही की बिक्री तेज हो गयी है. शहरी व ग्रामीण इलाकों में इसकी भारी मांग है. बिजली की आंख मिचौनी से परेशान फ्रीज रखने वाले लोग भी मजबूरन घड़ा व सुराही खरीदने को विवश है. खरीदारी के लिए […]

मधुपुर: तपती गरमी के साथ ही अचानक देशी फ्रीज के रूप में पहचाने जाने वाले घड़ा व सुराही की बिक्री तेज हो गयी है. शहरी व ग्रामीण इलाकों में इसकी भारी मांग है. बिजली की आंख मिचौनी से परेशान फ्रीज रखने वाले लोग भी मजबूरन घड़ा व सुराही खरीदने को विवश है. खरीदारी के लिए ग्राहकों की भारी भीड़ उमड़ रही है.

गरमी को ध्यान में रखते हुए कुंभकारों ने भी हटिया रोड में जगह-जगह घड़ा व सुराही का दुकान खोल दिया है. बाजार में 60 रुपये से 150 रुपये तक के सुराही व घड़े बिक रहे हैं. गरमी में मिट्टी के सुराही या घड़ा का पानी फ्रीज के मुकाबले स्वास्थ्य के लिए बेहतर माना जाता है. कुंभकारों की कमाई में भी अन्य दिनों के मुकाबले ज्यादा हो रही है.

गणेश पंडित, महेश पंडित, अरूण पंडित कहते हैं कि घड़ा व सुराही तो गरमी में ही बिकते हैं. उन्होंने कहा कि इस बार भी अच्छी बिक्री हो रही है. लेकिन मेहनत के अनुसार फायदा नहीं मिल रहा है. कहा कि मिट्टी से बने सुराही व घड़ा का अच्छा बाजार होना चाहिए. उन लोगों ने बताया कि अब मिट्टी खरीदना पड़ता है. सरकार के लिए भी कुंभकारों के प्रति कोई योजना नहीं है. कहा कि सरकार से सहायता मिलती तो व्यवसाय को बढ़ाया जा सकता है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >