कौन रोकेगा: देवघर की सड़कों पर रफ्तार ले रही जान, 10 माह में 90 लोगों की मौत

देवघर : देवघर की सड़कों पर रफ्तार जान ले रही है. लगातार दुर्घटनाएं हो रही है. आपको जानकर अश्चर्य होगा कि देवघर जिले में पिछले 10 महीने में 90 की जान जा चुकी है. इसमें यहां की ट्रैफिक व्यवस्था तो दोषी है ही, हम भी कम दोषी नहीं हैं. क्योंकि 90 में से 80 की […]

देवघर : देवघर की सड़कों पर रफ्तार जान ले रही है. लगातार दुर्घटनाएं हो रही है. आपको जानकर अश्चर्य होगा कि देवघर जिले में पिछले 10 महीने में 90 की जान जा चुकी है. इसमें यहां की ट्रैफिक व्यवस्था तो दोषी है ही, हम भी कम दोषी नहीं हैं. क्योंकि 90 में से 80 की मौत जान बिना हेलमेट के ड्राइविंग करने के दौरान सड़क दुर्घटना से हुई है.

ताजा घटना की बात करें तो महज पिछले 48 घंटे में चार मौतें हो हुई है. जबकि यातायात पुलिस लगातार अभियान चलाकर बिना हेलमेट के मोटरसाइकिल चालकों पकड़ रही है. फाइन कर रही है. लेकिन फिर भी हम नहीं चेत रहे हैं. नतीजा चौंकाने वाले आंकड़े आपके सामने है.

रोड सेफ्टी कमेटी की गाइडलाइन का असर नहीं
दुर्घटनाअों को लेकर सुप्रीम कोर्ट काफी गंभीर बनी हुई है. सुप्रीम कोर्ट की रोड सेफ्टी कमेटी ने जिला प्रशासन को खास निर्देश देते हुए कहा था कि वैसे स्थल जहां लगातार दुर्घटनाएं होती है अौर राहगीर अपनी जान गंवा बैठते हैं. वैसे स्थलों को ब्लैक स्पॉट के रूप में चिन्हित कर उन स्थलों पर खास तौर पर रेक्टीफिकेशन कर अौर स्पीड ब्रेकर बनाकर घटनाअों को कम करें. जिला प्रशासन ने जिले के दो स्थलोंं- जयपुर मोड़ व चौपा मोड़ को ब्लैक स्पॉट के रूप में चिन्हित कर आवश्यक कदम उठाये हैं. जिसका सार्थक परिणाम भी नजर आया है. उक्त दोनों चिन्हित स्थलों पर बीते 2016 अप्रैल माह के बाद से एक भी दुर्घटनाएं नहीं घटी है.
ब्लैक स्पॉट का क्या है पैमाना
यदि तीन वर्षों के दौरान किसी खास स्थल पर पांच दुर्घटनाएं घटित हुई हो अौर उन घटनाअों में 10 से ज्यादा लोगों की मौतें हुई हो. उस स्थल को ब्लैक स्पॉट के रुप में चिन्हित किया जाता है. सार्थक परिणाम आने के बाद जिला प्रशासन ने जिले के कई अौर स्थलों को ब्लैक स्पॉट के रूप में चिन्हित करने का फैसला किया है. हालांकि कोई भी जनप्रतिनिधि (मुखिया, जिला परिषद, विधायक व सांसद)आम लोगों की शिकायतों के बाद किसी खास दुर्घटना वाले स्थल के विषय में जिला स्तरीय रोड सेफ्टी कमेटी( डीसी, एसपी, डीटीअो व सीसीआर डीएसपी शामिल) को लिखित शिकायत देते हैं तो उसे ब्लैक स्पॉट के तौर पर चिन्हित किया जा सकता है.
रैश ड्राइविंग के खिलाफ चलेगा जोरदार अभियान
अगले दो-तीन दिनों में रैश ड्राइविंग करने वालों के खिलाफ जोरदार अभियान चलाया जायेगा. दो घंटे तक डिटेंड किये जाने के साथ आर्थिक जुर्माना भी रशूला जायेगा. क्योंकि सिर्फ 2017 के अक्तूबर माह के अंतिम सप्ताह तक जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रोंमें 90 लोगों ने अपनी जान गंवायी है. जो बेहद खतरनाक संकेत है.
– रविकांत भूषण, सीसीआर डीएसपी, देवघर
37 का लाइसेंस हो चुका है रद्द
फिलहाल शहर में रैश ड्राइविंग करने वाले या बिदाउट हेलमेट बाइक चलाने वालों को अभियान चलाकर बाइक चालकों को दो घंटे तक रोका जायेगा. इस दौरान नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों को विडियो क्लीप दिखाकर सड़क हादसों में होने वाले मौत की घटनाअों से संबंधित क्लीप दिखाकर जागरूक बनाते हुए नियमों का पालन कराया जायेगा.बीते तीन माह के दौरान जिला परिवहन कार्यालय व यातायात विभाग ने संयुक्त अभियान चलाते हुए 37 लोगों के ड्राइविंग लाइसेंस रद्द किये हैं. जबकि सिर्फ दशहरा में आधा दर्जन कम आयु वाले(12-14 साल) चालकों के स्कूटी व बाइक को रोका गया. हालांकि उन सभी के अभिभावकों द्वारा गलती के बदले माफी मांगने के बाद उन्हें रिहा कर दिया गया.

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