पानी के लिए है मारामारी. पूरा इलाका है ड्राइ जोन, चापानल भी नहीं, एक कुआं के भरोसे 1500 लोग
देवघर: वार्ड आठ के चंदाजोरी में एक कुआं के भरोसे 1500 लोग आश्रित हैं. पानी लेने के लिए कुआं पर भीड़ लगी रहती है. आधा किलोमीटर दूर से लोग पानी लेने कुआं पर आते हैं. चार बजे सुबह से रात 10 बजे तक कुआं से अनवरत पानी लेने लोग पहुंचते रहते हैं. चंदाजोरी में दो […]
देवघर: वार्ड आठ के चंदाजोरी में एक कुआं के भरोसे 1500 लोग आश्रित हैं. पानी लेने के लिए कुआं पर भीड़ लगी रहती है. आधा किलोमीटर दूर से लोग पानी लेने कुआं पर आते हैं. चार बजे सुबह से रात 10 बजे तक कुआं से अनवरत पानी लेने लोग पहुंचते रहते हैं. चंदाजोरी में दो सौ से अधिक मकान हैं, लेकिन मुहल्ले में कोई चापानल नहीं है.
चापानल लगाने के लिए तीन बार डीप बोरिंग कराया गया. लगभग 12 सौ फीट नीचे जाने के बाद भी पानी नहीं मिला. हर बार बोरिंग फेल हो गयी. इस मुहल्ले में चिराग तले अंधेरा वाली कहावत चरितार्थ हो रही है. गांव के एक किनारे में डढ़वा नदी है, जबकि दूसरे किनारे में नंदन पहाड़ तालाब है. दोनों जगहों से पाइप के माध्यम से शहर में पेयजलापूर्ति की जा रही है.
पाइप लाइन से शहर की आधी आबादी का प्यास बुझाया जा रहा है. बावजूद मुहल्ले के लोगों को पेयजल नसीब नहीं है. चंदाजोरी गांव को मिला कर वार्ड आठ का गठन किया गया है. वार्ड की आबादी चार हजार से अधिक है. इसमें 1500 लोग केवल चंदाजोरी में रहते हैं. यह पिछड़ा बहुल इलाका है.
क्या कहते हैं लोग
पानी के िलए नंबर लगाते है
मुहल्ले की कुईवा देवी ने कहा कि कुआं से पानी लेने के लिए सुबह चार बजे उठना पड़ता है. देर होने पर पानी लेने के लिए नंबर लगाना पड़ता है.
सब काम छोड़ना पड़ता है
मुहल्ले की यशोदरा देवी ने कहा कि बिना पानी का कोई काम नहीं होता है. इसके लिए हर काम छोड़ कर पहले पानी लाना पड़ता है.
चापानल नहीं है
मुहल्ले की खेरी देवी ने कहा कि चापानल नहीं है. पानी के लिए कुआं ही एक मात्र सहारा है. पानी लेने के लिए कई बार इंतजार करना पड़ता है.
नगर िनगम नहीं दे रहा है ध्यान
मुहल्ले की उषा देवी ने कहा कि हर वार्ड में पाइप लाइन से सप्लाई वाटर मिल रहा है. हमलोगों पर नगर निगम ध्यान नहीं दे रही है.
क्या कहते हैं क्षेत्र के पार्षद
वार्डपार्षद वशिष्ठ नारायण सुमन ने कहा कि चंदाजोरी के लोगों को सप्लाई वाटर अबतक नहीं मिला है. इधर से होकर पाइप लाइन शहर में गयी हुई है, लेकिन इस मुहल्ले में पाइप नहीं है. पाइप से जलापूर्ति ही समस्या का एकमात्र निदान है. पाइप लाइन विस्तार कर क्षेत्र में लाया जायेगा. इसकी प्रक्रिया शुरू हो चुकी है.