छात्रों के बैंक खाते में मंगाते थे ठगी के रुपये, तीन गिरफ्तार
साइबर क्राइम कर अपराधी ठगी के पैसे मंगाने व निकालने के लिए नये नये फंडे अपना रहे हैं. अब अपराधी ठगी के पैसों को मंगाने के लिए छात्रवृत्ति के लिए खाेले गये बच्चों के बैंक खाते का इस्तेमाल कर रहे हैं. छापेमारी में पकड़े गये आरोपितों से पूछताछ के बाद हुए खुलासे से यह साबित […]
साइबर क्राइम कर अपराधी ठगी के पैसे मंगाने व निकालने के लिए नये नये फंडे अपना रहे हैं. अब अपराधी ठगी के पैसों को मंगाने के लिए छात्रवृत्ति के लिए खाेले गये बच्चों के बैंक खाते का इस्तेमाल कर रहे हैं. छापेमारी में पकड़े गये आरोपितों से पूछताछ के बाद हुए खुलासे से यह साबित हो रहा है.
मधुपुर: टेकरा व चांदमारी मुहल्ले में इंस्पेक्टर इंचार्ज विनोद कुमार के नेतृत्व में छापेमारी कर मधुपुर पुलिस ने साइबर क्राइम में संलिप्तता के आरोप में तीन लोगों को हिरासत में लिया है. हिरासत में लिये गये चांदमारी निवासी मो इस्माइल एवं टेकरा निवासी मो सत्तार व मो सद्दाम पर लाखों की हेराफेरी का आरोप है. पूछताछ में पुलिस के समक्ष मो सत्तार ने खुलासा किया कि वे टेकरा विद्यालय के छात्र-छात्राओं को मिलने वाली छात्रवृत्ति के लिए खुलवाये गये बैंक खाते में भी लाखों रुपये मंगाये और उसकी निकासी भी की है.
उसने एक ग्राहक सेवा केंद्र के संचालक पर भी संलिप्तता बतायी है. मो इस्माइल एसआर डालमिया रोड स्थित एसबीआइ के एटीएम में गार्ड का काम करता है. जबकि मो सत्तार ने अपना एटीएम 500 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से सद्दाम व एक अन्य सीएसपी संचालक को दे रखा था. इसी एटीएम के खाता में साइबर अपराध द्वारा दूसरे के खाते से उड़ाये गये पैसे को मंगाया जाता था और मधुपुर के विभिन्न एटीएम शाखा से उसकी निकासी अलग-अलग लोग करते थे.
मो सत्तार ने पुलिस को पुछताछ में बताया कि उसने लालच में आकर अपना एटीएम दो व्यक्तियों को दिया था. इधर साइबर अपराधियों ने चांदमारी स्थित एसबीआइ के एटीएम से अधिकतम सीमा 40 हजार की निकासी के बाद एटीएम के गार्ड मो इस्माइल को प्रलोभन देकर नेट बैंकिंग द्वारा उसके खाते में राशि हस्तांतरित कर दी और गार्ड के एटीएम से पैसे निकलवा लिये. जिसके एवज में गार्ड को भी कुछ रकम दिया गया. पुलिस तीनों आरोपितों से पूछताछ कर रही है.