आनंदपुर. आनंदपुर थाना क्षेत्र के कार्तिक बाड़ा हत्याकांड का पुलिस ने महज 72 घंटों के भीतर खुलासा कर दिया है. पुलिस की छापेमारी और बढ़ते दबाव के कारण हत्याकांड के मुख्य आरोपी मनुएल भुइयां और उसके दो सहयोगियों पिंटू सुरीन व राजन तमसोय ने शनिवार को आनंदपुर थाना में आत्मसमर्पण कर दिया.
बदले की आग में रची हत्या की साजिश:
मनोहरपुर के एसडीपीओ जयदीप लकड़ा ने बताया कि इस हत्या के पीछे आपसी रंजिश और बदले की भावना थी. पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी मनुएल भुइयां ने स्वीकार किया कि करीब एक सप्ताह पहले कार्तिक बाड़ा ने उस पर लोहे की रॉड से हमला किया था. इसी का बदला लेने के लिए मनुएल ने अपने दोस्तों के साथ मिलकर हत्या की योजना बनायी. डीएसपी ने बताया कि बीते बुधवार को मनुएल ने पिंटू और राजन के साथ मिलकर कार्तिक की हत्या कर दी. आरोपियों ने पहले गमछे से कार्तिक का गला घोंटा और फिर सब्जी काटने वाले चाकू से उसकी गर्दन रेतकर हत्या कर दी. साक्ष्य छुपाने के उद्देश्य से तीनों ने शव को पत्तों और टहनियों से ढंककर आग लगा दी. हत्या में इस्तेमाल किये गये गमछे और चाकू को भी जला दिया गया था. पुलिस ने घटनास्थल से जला हुआ चाकू बरामद कर लिया है.
पुलिस के दबाव में आये आरोपी
शुक्रवार को अधजला शव मिलने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई शुरू की. आनंदपुर पुलिस द्वारा अपराधियों की धरपकड़ के लिए संभावित ठिकानों पर सघन छापेमारी की जा रही थी. चारों ओर से घिरता देख आरोपियों ने भागने के बजाय थाने पहुंचकर सरेंडर करना ही बेहतर समझा. पुलिस अब आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई पूरी कर उन्हें जेल भेजने की तैयारी कर रही है.