Chaibasa News : हाथियों के पुराने वीडियो व फोटो हो रहे वायरल, गांवों में दहशत बढ़ा

जिले में आतंक का पर्याय हाथी को ट्रेस करने में अबतक सफलता नहीं

झींकपानी.

पश्चिमी सिंहभूम जिले में जंगली हाथियों से संबंधित पुराने वीडियो व फोटो इन दिनों सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहे हैं. इससे लोगों में भ्रम व दहशत का माहौल है. दरअसल, जिला में आतंक का पर्याय बन चुके हाथी को वन विभाग नियंत्रण करने में सफल नहीं हो पाया है. हाथियों को लेकर क्षेत्र में फैलती अफवाहों से लोगों में डर का माहौल बना हुआ है. लोगों को समझ नहीं आ रहा है कि वीडियो व फोटो पर विश्वास करें या नहीं.

पांच दिनों से हाथी का पता नहीं; राहत तो है, लेकिन खतरा बरकरार

ज्ञात हो कि एक जनवरी से नौ जनवरी तक एक मस्त हाथी ने 20 ग्रामीणों की जान ले ली. वहीं, एक दर्जन से अधिक लोगों को घायल किया. उक्त घटना के बाद जिले में जंगल से सटे क्षेत्रों में दहशत का माहौल है. हाथी के भय से शाम होते ही लोग घरों में कैद हो जाते हैं. कई परिवारों ने रिश्तेदारों या दूसरे के घरों में शरण ली है. हालांकि, करीब पांच दिनों से हाथी का पता नहीं है. ऐसे में लोगों को राहत तो मिली है, लेकिन खतरा बरकरार है. ग्रामीणों को भय है कि हाथी कभी भी फिर गांवों में घुसकर मौत का खेल खेल सकता है.

जिले में 20 लोगों की जान ले चुका है हाथी

साल 2026 के पहले दिन (01 जनवरी) हाथी ने टोंटो के बांडीजारी, बीरसिंह हातू व मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के रोड़ो में तीन लोगों की जान ली थी. इसके पश्चात हाथी का तांडव शुरू रहा. हाथी के हमले में गोइलकेरा, टोंटो के कुइलसूता, नोवामुंडी व मझगांव क्षेत्र में अब तक 20 लोगों की जान जा चुकी है.

एक ही वीडियो को अलग-अलग क्षेत्र का बता रहे लोग

विदित हो कि हाथी से संबंधित एक वीडियो खूब वायरल हो रहा है. इसे कोई झींकपानी, कोई टोंटो, तो कोई गोइलकेरा या कुमारडुंगी क्षेत्र का बता रहा है. इससे अफवाहों को बल मिल रहा है. हाथियों के भय से टोंटो, झींकपानी, मझगांव, कुमारडुंगी, नोवामुंडी सहित अन्य क्षेत्रों में शाम ढलते ही अघोषित कर्फ्यू की स्थिति है. इस स्थिति में सोशल मीडिया पर पुराने वीडियो वायरल होने से लोगों के अंदर का भय बढ़ रहा है. जंगल से सटे ग्रामीण इलाकों के लोगों की जिंदगी नर्क बन गयी है. हाथी प्रभावित क्षेत्र के ग्रामीण रात्रि के समय एक जगह पर एकत्रित होकर पहरा दे रहे हैं.

नवागांव में शाम ढलते ही पहुंच जाते हैं हाथी

जिले के टोंटो प्रखंड स्थित सेरेंगसिया, पदमपुर, केंजरा, हेस्सा सुरुनिया, चालगी, राजंका, दोकट्टा, कुदाहातू आदि क्षेत्रों में विगत दो वर्षों से हाथियों का झुंड उत्पात मचा रहा है. झींकपानी प्रखंड के नवागांव में शाम ढलने के बाद हाथियों का प्रवेश आम हो गया है. हाथियों का झुंड फसलों को नुकसान पहुंचा रहा है. वहीं, दर्जनों घरों को तोड़ चुका है. इस वर्ष की शुरुआत से हाथी ने जितने लोगों की जान ली है, ऐसा तांडव पहले कभी नहीं हुआ था. हालांकि इससे पहले भी हाथियों के हमले में लोगों की जान जा चुकी है.

दंतैल हाथी को तीर लगने की चर्चा

ग्रामीण क्षेत्रों में चर्चा है कि आतंक मचा रहे दंतैल हाथी को तीर लगी है, जिससे उसने भयानक रूप धारण कर लिया है. हालांकि, इसका कोई ठोस प्रमाण व पुष्टि नहीं हो पायी है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: AKASH

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >