– बाल अधिकार सुरक्षा मंच की पहल लायी रंग, मझगांव अब चाइल्ड लेबर फ्री जोन
– तस्वीर 5मझ1: दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ करते लोग.
– तस्वीर 5मझ2: कार्यक्रम में शामिल लोग.
प्रतिनिधि, मझगांव
मझगांव प्रखंड के ईदगाह मैदान में गुरुवार को बाल अधिकार सुरक्षा मंच की प्रखंड व पंचायत कमेटी ने गौरवपूर्ण कार्यक्रम किया. यहां मझगांव पंचायत को आधिकारिक तौर पर ””””बाल श्रम और बाल विवाह मुक्त पंचायत”””” घोषित किया गया. कार्यक्रम की अध्यक्षता उप प्रखंड प्रमुख शबनम परवीन ने की.
शून्य ड्रॉपआउट का लक्ष्य हुआ पूरा
जानकारी दी गयी कि वर्ष 2023-24 में मझगांव पंचायत के 1226 घरों का गहन सर्वे किया गया था. सर्वे में 121 बच्चे शिक्षा से दूर पाये गये थे. पंचायत जनप्रतिनिधियों, विद्यालय प्रबंधन समिति और बाल अधिकार सुरक्षा मंच के साझा सहयोग से सभी बच्चों का आरबीसी , एनआरबीसी और सीधे नामांकन के जरिए स्कूलों में दाखिला कराया गया. आज पंचायत में एक भी बच्चा स्कूल से बाहर नहीं है, जिसे ””””जीरो ड्रॉपआउट”””” स्थिति कहा जाता है.
प्रखंड को भी ””””फ्री जोन”””” बनाने का संकल्प
मुख्य अतिथि बीडीओ विजय रंजन तिर्की और विशिष्ट अतिथि सीओ विजय हेमराज खलको ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया. अंचलाधिकारी ने कहा कि मझगांव पंचायत को ””””चाइल्ड लेबर फ्री जोन”””” घोषित करना पूरे प्रखंड के लिए सौभाग्य की बात है. बाल अधिकार सुरक्षा मंच का कार्य प्रेरणादायक है. अब हमारा अगला लक्ष्य पूरे प्रखंड को बाल श्रम और बाल विवाह से मुक्त बनाना है. प्रखंड प्रमुख सरस्वती चातार और विधायक प्रतिनिधि राजेश पिंगुवा ने भी बच्चों को विद्यालय तक लाने के लिए तन-मन-धन से समर्पित होकर कार्य करने की अपील की.
मौके पर बाल अधिकार सुरक्षा मंच के प्रखंड अध्यक्ष मनोज हेंब्रम, सब इंस्पेक्टर श्री गारदी, आंगनवाड़ी सुपरवाइजर जयश्री पिंगुवा, मुखिया सोनासिंह पिंगुवा, मासूम रजा, मजहर हुसैन, बुद्धदेव पिंगुवा, मोरन सिंह बिरुवा, नारायण मूर्ति, करण आप्ट, ब्रजमोहन दिग्गी और एम चिश्ती सहित अन्य उपस्थित थे.
