प्रतिनिधि, चाईबासा
कोल्हान आदिवासी युवा शक्ति, पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) ने मझगांव प्रखंड में आदिवासी युवकों के साथ हुई मारपीट और देशाउली स्थल पर कथित तौर पर हुई असामाजिक गतिविधियों के विरोध में शुक्रवार को उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा. इस ज्ञापन की एक कॉपी पश्चिमी सिंहभूम के पुलिस अधीक्षक को भी भेजी गई है.
देशाउली स्थल को अपवित्र करने का आरोप
संगठन का आरोप है कि 13 और 14 जुलाई को कुछ दूसरे समुदाय के युवकों ने आदिवासियों के पवित्र देशाउली स्थल पर शराब पी और सिगरेट पीकर उस जगह को अपवित्र किया. जब आदिवासी युवकों ने इसका विरोध किया तो अगले दिन जानकारी लेने पहुंचे युवकों के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज की गई, मारपीट की गई और उन पर हथियारों से हमला किया गया. इस घटना में कई युवक गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए सदर अस्पताल, चाईबासा में भर्ती कराना पड़ा.
2 घंटे में गिरफ्तारी की मांग, कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन की चेतावनी
कोल्हान आदिवासी युवा शक्ति ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है. संगठन का कहना है कि इस घटना से आदिवासी समाज में काफी आक्रोश है. संगठन ने घटना में नामजद और शामिल आरोपियों को 72 घंटे के भीतर गिरफ्तार करने की मांग की है. साथ ही, मझगांव थाना प्रभारी पर घटना के दौरान कथित निष्क्रियता का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई और निलंबन की भी मांग की गई है.
संगठन ने चेतावनी दी है कि अगर तय समय के भीतर प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई, तो विभिन्न आदिवासी संगठनों के साथ मिलकर चाईबासा बंद सहित व्यापक लोकतांत्रिक आंदोलन किया जाएगा.
इस दौरान कोल्हान आदिवासी युवा शक्ति के संयोजक वीर सिंह बालमुचू, संदीप सन्नी देवगम, रमेश बालमुचू, संजय सरिल देवगम, प्रकाश पूर्ति, सुभाष सिंकू, गुरा सिंकू, अमर पाट पिंगुआ, रोशन बानरा समेत संगठन के अन्य पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे.
