चक्रधरपुर स्टेशन से 11 नाबालिग बच्चों का रेस्क्यू, काम कराने के लिए ले जाया जा रहा था तमिलनाडु

Human Trafficking News: चक्रधरपुर रेलवे स्टेशन से 11 नाबालिग बच्चों को रेस्क्यू किया गया. प्रारंभिक जानकारी के अनुसार उन्हें तमिलनाडु ले जाने की तैयारी थी। मामले की जांच जारी है. पूरी खबर नीचे पढ़ें…

Human Trafficking: पश्चिमी सिंहभूम जिले में चक्रधरपुर पुलिस ने गुरुवार को स्टेशन परिसर में संयुक्त अभियान चलाकर 11 नाबालिग बच्चों का रेस्क्यू किया. प्रारंभिक पूछताछ में जानकारी मिली कि सभी बच्चे काम की तलाश में तमिलनाडु जाने की तैयारी में थे. पुलिस ने इसे संभावित बाल श्रम एवं पलायन से जुड़ा मामला मानते हुए तत्काल कार्रवाई की. यह अभियान चक्रधरपुर थाना प्रभारी अवधेश कुमार के नेतृत्व में चलाया गया, जिसमें जिला विधिक सेवा प्राधिकार, जिला बाल संरक्षण इकाई, रेलवे सुरक्षा बल और कर्रा सोसायटी की टीम शामिल रही. संयुक्त टीम ने स्टेशन परिसर में जांच के दौरान 11 नाबालिग बच्चों को सुरक्षित संरक्षण में लिया.

सभी बच्चे बाल कल्याण समिति के पास

रेस्क्यू किए गए सभी बच्चों को आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया गया. समिति के निर्देश पर बच्चों को देखभाल एवं संरक्षण के लिए बाल कुंज और छाया बालिका गृह भेज दिया गया है. प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि नाबालिग बच्चों के पलायन को रोकने, उन्हें बाल श्रम, मानव तस्करी और अन्य संभावित खतरों से बचाने के लिए नियमित रूप से निगरानी और जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं. मामले की विस्तृत जांच जारी है.

बच्चों के पलायन पर प्रशासन सतर्क

अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि यदि किसी नाबालिग बच्चे को रोजगार के नाम पर बाहर ले जाने या संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस या संबंधित विभाग को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके. यह रेस्क्यू अभियान बाल संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है.

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By Amleshnandan Sinha

अमलेश नंदन सिन्हा प्रभात खबर डिजिटल में वरिष्ठ पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता में 20 से अधिक वर्षों का अनुभव है. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई करने के बाद से इन्होंने कई समाचार पत्रों के साथ काम किया. इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत रांची एक्सप्रेस से की, जो अपने समय में झारखंड के विश्वसनीय अखबारों में से एक था. एक दशक से ज्यादा समय से ये डिजिटल के लिए काम कर रहे हैं. झारखंड की खबरों के अलावा, समसामयिक विषयों के बारे में भी लिखने में रुचि रखते हैं. विज्ञान और आधुनिक चिकित्सा के बारे में देखना, पढ़ना और नई जानकारियां प्राप्त करना इन्हें पसंद है.

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