Chaibasa News : कॉलेजों में शिक्षकों की कमी होगी दूर; जहां ज्यादा जरूरी, वहां प्रतिनियुक्त होंगे उक्त विषय के शिक्षक

कोल्हान विश्वविद्यालय. 19 अंगीभूत कॉलेजों से विषयवार विद्यार्थी व शिक्षकों की सूची मांगी गयी

चाईबासा

. कोल्हान विश्वविद्यालय प्रबंधन ने अंगीभूत कॉलेजों में विषयवार शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए गंभीर है. इसके लिए 19 अंगीभूत कॉलेजों में स्नातक सत्र 2025-29 में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों की विषयवार सूची व उपलब्ध शिक्षकों की जानकारी मांगी है. इसके साथ कॉलेजों व विश्वविद्यालय के पीजी के 23 विभागों से छात्र और शिक्षक के अनुपात की जानकारी मांगी है. जहां शिक्षक नहीं हैं या कम हैं, वहां दूसरे कॉलेज या पीजी विभाग से प्रतिनियुक्ति कर शिक्षण व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित किया जा सके. इसपर कुलपति डॉ प्रोफेसर अंजिला गुप्ता का विशेष फोकस रहा है. वे उच्च शिक्षा को और व्यवस्थित करने में जुटी हैं. वहीं विश्वविद्यालय में रिसर्च की संस्कृति को और विकसित करने पर जोर है. ज्ञात हो कि शिक्षकों की मांग पर विद्यार्थियों ने कुलपति से लगातार मांग रखी है.

कॉलेजों में मूलभूत सुविधाएं दुरुस्त करने पर जोर:

कोल्हान विवि के अंगीभूत कॉलेजों में आवश्यक सुविधाओं की भी कमी है. इसे लेकर छात्र संगठनों ने प्रशासन को बार-बार ध्यान आकृष्ट किया है. कुछ कॉलेजों में शौचालय की व्यवस्था ठीक नहीं, कहीं पेयजल की सुविधा नहीं, तो कहीं लाइब्रेरी की सुविधा उचित नहीं है. कहीं खेलकूद सामग्री नहीं है. कॉलेजों में चार वर्षीय स्नातक कोर्स के संचालन के लिए एनइपी-2020 (नयी शिक्षा नीति) के अनुरूप व्यवस्था करने को कहा गया है. इसके लिए विश्वविद्यालय प्रशासन लगातार कॉलेजों को निर्देश दे रहा है.

19 अंगीभूत कॉलेजों में स्थायी शिक्षक के 72% पद रिक्त

कोल्हान विवि के 19 अंगीभूत कॉलेजों में स्थायी शिक्षकों के लिए 795 पद सृजित हैं. वर्तमान में स्थायी शिक्षकों की संख्या लगभग 220 है. सृजित पद के विरुद्ध मात्र 27.67 फीसदी स्थायी शिक्षक हैं. विवि के कॉलेजों में स्थायी शिक्षकों के करीब 72 फीसदी पद रिक्त पड़े हैं. इस कमी को पूरा करने के लिए नीड बेस्ड 143 शिक्षक बहाल किये गये हैं. कोल्हान विवि के 19 अंगीभूत कॉलेजों में करीब 23 हजार विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं. उनके लिए लगभग 370 शिक्षक अपनी सेवा प्रदान कर रहे हैं. ऐसे में एक शिक्षक पर औसत 62 विद्यार्थी हैं. हालांकि, कुछ कॉलेजों में कई विषय के शिक्षक भी नहीं हैं.

पीजी विभाग : 162 स्थायी शिक्षक की जरूरत, 23 कार्यरत, आदिवासी बहुल क्षेत्र होने के बावजूद टीआएएल विभाग में स्थायी शिक्षक नहीं

केयू मुख्यालय में कुल 23 विभाग हैं. इसके लिए स्थायी शिक्षकों के 162 पद सृजित किये गये हैं. आदिवासी बहुल क्षेत्र होने के बावजूद टीआएएल विभाग में वर्तमान में स्थायी शिक्षक नहीं हैं. विभागाध्यक्ष एकमात्र स्थायी शिक्षक हैं. वर्तमान में पीजी के 23 विभागों में मात्र 33 स्थायी शिक्षक हैं. लगभग 23 टॉपर व नीड बेस्ड 12 से 15 शिक्षक कार्यरत हैं. वर्तमान में 65 शिक्षकों के भरोसे पीजी विभाग चल रहा. प्रत्येक सत्र में लगभग 2 हजार से अधिक विद्यार्थी नामांकित हैं. अब पीजी विभाग में 129 स्थायी शिक्षकों की आवश्यकता है.

– कुलपति का पदभार लेने के बाद उच्च शिक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने पर विशेष फोकस रहा है. पूर्व में कई निर्णय स्थायी कुलपति के अभाव में समय पर नहीं लिया जा सका था. इस वजह से कई समस्याएं समय के साथ ठीक होंगी. विश्वविद्यालय प्रशासन अपना कार्य कर रहा है.

– डॉ अशोक कुमार झा

, प्रवक्ता, कोल्हान विवि

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Author: ATUL PATHAK

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