नाबालिग से दुष्कर्म मामले में सेक्टर नौ निवासी सुनील यादव व बच्चामुनी यादव को आजीवन सश्रम कारावास की सजा सुनायी गयी है. 10 हजार रुपया का जुर्माना भी लगाया है. जुर्माना नहीं देने की सूरत में एक साल अतिरिक्त कारावास की सजा होगी. बोकारो विशेष पोक्सो अदालत एडीजे तृतीय देवेश कुमार त्रिपाठी की अदालत ने सोमवार को महिला थाना कांड संख्या 17/24 पर सुनवाई करते हुए यह सजा सुनायी. विशेष लोक अभियोजक रवि शंकर चौधरी ने बताया कि सेक्टर नौ निवासी नाबालिग लड़की के पिता ने महिला थाना में दोनों के खिलाफ मामला दर्ज कराया था. इसमें कहा था कि 25 जून 2024 को गांव से लौटने पर पता चला कि मेरी नाबालिग पुत्री ने एक बच्चे को जन्म दिया है. पूछने पर उसने बताया कि वर्ष 2023 में छोटा भाई को खोज रही थी. इसी दौरान पड़ोस के रहने वाला सुनील यादव उसे अपने घर ले गया और जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाया. इसके बाद भी लगातार शारीरिक शोषण किया. घर में बताने पर पिता व भाई को जान से मारने की धमकी दी थी. इस वजह से वह चुप रही. बाद में पेट में दर्द हुआ, तो सुनील यादव की पत्नी व अन्य के सहयोग से प्रसव कराया गया. पुलिसिया जांच में एक अन्य व्यक्ति बच्चामुनी यादव द्वारा भी नाबालिग का शारीरिक शोषण किये जाने पता चला.
Bokaro News : नाबालिग से दुष्कर्म मामले में दो को आजीवन कारावास
Bokaro News : नाबालिग से दुष्कर्म मामले में दो लोगों को उम्रकैद की सजा सुनायी गयी है.
