देश की प्रतिष्ठित वैज्ञानिक प्रतिभा खोज प्रतियोगिताओं में से एक विद्यार्थी विज्ञान मंथन (वीवीएम) 2025-26 में दिल्ली पब्लिक स्कूल बोकारो के छात्र राघव कृष्णा ने सेंट्रल जोन (केंद्रीय क्षेत्र) में ऐतिहासिक प्रथम स्थान (रैंक 1) हासिल किया है. गुजरात के भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आइआइटी) गांधीनगर में 16 व 17 मई को आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय शिविर में छठी कक्षा के राघव ने सात राज्यों के प्रतिभागियों को परास्त कर यह उपलब्धि पायी है. उसे मोमेंटो व प्रमाणप त्र के अलावा 5,000 रुपये की पारितोषिक राशि दी गयी. उसे अगले एक वर्ष तक प्रतिमाह 2,000 रुपए की राष्ट्रीय छात्रवृत्ति भी दी जायेगी. भविष्य में आइआइटी गांधीनगर के वरिष्ठ वैज्ञानिकों द्वारा सीधे तौर पर मेंटरशिप (मार्गदर्शन) का अवसर भी मिलेगा. इस कामयाबी के लिए राघव का चयन देश के सबसे प्रतिष्ठित राष्ट्रीय सृजन इंटर्नशिप कार्यक्रम के लिए भी हुआ है. यह मौका पाने वाला वह झारखंड का एकमात्र विद्यार्थी है. इसके तहत वह इसरो, आइआइएसइआर, भोपाल और आइआइटी बॉम्बे आदि में जाकर वैज्ञानिकों के साथ सीधे तौर पर काम सीख सकेगा. मंगलवार को राघव के लौटने पर प्राचार्य डॉ एएस गंगवार ने उसे सम्मानित किया. उसकी कामयाबी को विद्यालय के साथ-साथ पूरे राज्य के लिए गौरव बताया.
आइएएस अधिकारी बनना चाहता है राघव, सोशल मीडिया है दूर
राघव ने कहा कि वह आइएएस अधिकारी बनना चाहता है. गरीबों के जीवनस्तर में सुधार व समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना इच्छा है. दादाजी स्व. केपी सिंह के जीवन के संघर्षों से प्रेरित है. ओएनजीसी अधिकारी डॉली कुमारी व व्यवसायी चंदन कृष्णा के पुत्र राघव ने अपनी सफलता का मंत्र साझा करते हुए बताया कि वह रोजाना पांच घंटे नियमित पढ़ाई करता है. सोशल मीडिया से दूर है.
जानिए, क्या है विद्यार्थी विज्ञान मंथन
विद्यार्थी विज्ञान मंथन विज्ञान आधारित राष्ट्रीय प्रतियोगी परीक्षा है, जिसका आयोजन विज्ञान भारती द्वारा किया जाता है. यह शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत कार्यरत राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद तथा संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत स्वायत्त संस्था राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद के सहयोग से संचालित होता है.
