चंदनकियारी प्रखंड अंतर्गत बरमसिया ओपी क्षेत्र के दुबेकांटा के समीप हुई सड़क दुर्घटना में सपन मांझी व उनकी पत्नी लक्ष्मी देवी की मौत के बाद अनाथ हुए तीन बच्चों की मदद के लिए जिला प्रशासन ने पहल की है. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मामले को लेकर संज्ञान लिया था. सोशल मीडिया पर बोकारो डीसी को टैग करते हुए पहल करने की बात कही थी. इसके बाद डीसी के निर्देश पर चंदनकियारी बीडीओ बच्चों के घर पहुंचे. परिवार की स्थिति का आकलन कर हरसंभव सरकारी सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू की. जिला प्रशासन की ओर से बच्चों को खाद्य सुरक्षा योजना के तहत 50 किलो अनाज उपलब्ध कराया गया. प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत दो लाख रुपये की सहायता राशि दिलाने की प्रक्रिया शुरू की गयी. चास एसडीओ व बाल संरक्षण पदाधिकारी को बच्चों के पालन-पोषण के लिए एनजीओ चयन का निर्देश दिया गया. मुख्यमंत्री बाल आशीर्वाद योजना के तहत प्रतिमाह सहायता राशि उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू की गयी. बच्चों का नामांकन कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय चंदनकियारी, आश्रम विद्यालय ललपनिया व अन्य उपयुक्त विद्यालय में कराने का निर्देश दिया. डीएसडब्ल्यूओ को सावित्री बाई फुले योजना से सहायता उपलब्ध कराने को कहा. बच्चों के बालिग होने पर प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाने की दिशा में कार्रवाई शुरू हुई. चंदनकियारी बीडीओ को राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना व आपदा राहत मद से मुआवजा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया.
Bokaro News : तीन अनाथों की मदद के लिए आगे आया जिला प्रशासन
Bokaro News : चंदनकियारी के तीन अनाथों की मदद के लिए जिला प्रशासन आगे आया है.
