बोकारो : उत्क्रमित उच्च विद्यालय पुन्नू के सहायक शिक्षक अजय कुमार ठाकुर के कठपुतली आधारित शिक्षण नवाचार की झारखंड शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (जेसीइआरटी), रांची में आयोजित कार्यशाला में सराहना की गयी. 31 अगस्त से तीन सितंबर तक आयोजित कार्यशाला में प्राथमिक कक्षाओं के बच्चों को गतिविधियों और मनोरंजक तरीकों से पढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया.
कठपुतली के जरिये कठिन विषयों को सरल बनाने की पहल
अजय कुमार ठाकुर ने कार्यशाला में स्वयं तैयार किये गये कठपुतली और शिक्षण मॉडल प्रस्तुत किये. जेसीइआरटी की उपनिदेशक सह उपसचिव जयवंती देवगम ने मॉडल का अवलोकन किया और इसकी उपयोगिता की जानकारी ली. उन्होंने कहा कि कठपुतली जैसी दृश्य-श्रव्य विधियों से बच्चे तनावमुक्त वातावरण में सीख सकते हैं. कहानी और संवाद के माध्यम से कठिन विषयों को भी सरल तरीके से समझाया जा सकता है.
अजय ठाकुर ने कठपुतली निर्माण और कक्षा में इसके प्रयोग की प्रक्रिया भी बतायी. शिक्षाविदों ने कहा कि इस तरह की गतिविधियों से बच्चों में रुचि, रचनात्मकता और सहभागिता बढ़ेगी तथा रटने की प्रवृत्ति कम होगी.
