कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने कहा कि टुसू मेला जैसे आयोजन हमारी समृद्ध लोक-संस्कृति और विरासत को संजोने के साथ-साथ समाज को एक सूत्र में बांधने का सशक्त माध्यम हैं. उन्होंने कहा कि ऐसे मेले न केवल धार्मिक और सांस्कृतिक भावनाओं को मजबूती देते हैं, बल्कि स्थानीय कलाकारों, कारीगरों और छोटे व्यवसायियों को भी आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करते हैं, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बल मिलता है. मंत्री ने कहा कि लोक परंपराएं हमारी पहचान हैं और इन्हें सहेजना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है. इस तरह के आयोजन सामाजिक समरसता, भाईचारे और सांस्कृतिक चेतना को मजबूत करते हैं. इस मौके पर विधायक प्रतिनिधि मो. शेरे आलम, बीस सूत्री प्रखंड अध्यक्ष दिलीप कुमार हेंब्रम, कुलदीप करमाली, सुभाष चंद्र ठाकुर सहित अन्य जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे.
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