Bokaro Income Tax Raid, बोकारो (सीपी सिंह): जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट (डीएमएफटी) के कथित 631 करोड़ रुपये के घोटाले की जांच में आयकर विभाग ने बोकारो में शिकंजा कस दिया है. चास की प्रभात कॉलोनी स्थित त्रिनेत्र इंटरप्राइजेज के संचालक सोनू मिश्रा और सेक्टर-9 निवासी प्रकाश जेरॉक्स के मालिक प्रकाश कुमार के आवास पर बुधवार को लगातार दूसरे दिन भी छापेमारी, जांच और पूछताछ जारी रही.
आयकर विभाग की टीम देर शाम तक दस्तावेजों की करती रही जांच
सूत्रों के अनुसार, आयकर विभाग की टीम आठ गाड़ियों से दोनों ठिकानों पर पहुंची थी और देर शाम तक दस्तावेजों की गहन जांच की जाती रही. जांच के दौरान सोनू मिश्रा के घर से 2000 से अधिक दस्तावेजों की फोटोकॉपी करायी गयी. वहीं प्रकाश कुमार के आवास पर नोट गिनने की मशीन मंगवानी पड़ी. सूत्रों का कहना है कि वहां से भारी मात्रा में नकदी मिलने के संकेत हैं.
सप्लाई और पेंटिंग कार्यों में भारी अनियमितता की आशंका
जांच के दायरे में डीएमएफटी मद से कराये गये कई कार्य आ गये हैं. वित्तीय वर्ष 2020-21 में बेंच-डेस्क आपूर्ति के लिए करीब चार करोड़ रुपये, बंक बेड के लिए 2.19 करोड़ रुपये और 16 एलइडी वैन के लिए लगभग दो करोड़ रुपये का भुगतान किया गया था. इसके अलावा सरकारी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में वॉल पेंटिंग के नाम पर 39 करोड़ 6 लाख रुपये खर्च किये गये.
सोनू ने जिले के कई स्कूलों का किया दीवार पेंट
सूत्रों के मुताबिक, इन सभी कार्यों में गंभीर अनियमितता की आशंका जतायी जा रही है. बताया जा रहा है कि सोनू मिश्रा ने जिले के कई स्कूलों में बड़े पैमाने पर दीवार पेंटिंग का काम किया था, जबकि प्रकाश जेरॉक्स के माध्यम से स्कूलों और सरकारी संस्थानों में सामग्री की आपूर्ति हुई थी. आयकर विभाग यह जांच कर रहा है कि कहीं इन ठेकों के जरिये सरकारी धन का दुरुपयोग या अवैध लाभ तो नहीं अर्जित किया गया.
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लैपटॉप का पासवर्ड छिपाने की कोशिश, सख्ती के बाद मिली जानकारी
जांच के दौरान आयकर विभाग की टीम ने प्रकाश कुमार के सेक्टर-9 स्थित आवास पर मिले एक लैपटॉप का पासवर्ड मांगा, लेकिन परिजनों ने पहले जानकारी देने से इनकार कर दिया. इसके बाद टीम ने सख्ती दिखाई, तब जाकर कड़ाई से पूछताछ के बाद पासवर्ड उपलब्ध कराया गया.
51 लाख की बरामदगी से जुड़ीं कड़ियां
डीएमएफटी फंड के उपयोग को लेकर पहले से ही सवाल उठते रहे हैं. वित्तीय वर्ष 2024-25 और 2025-26 में बोकारो जिले को लगभग 631 करोड़ रुपये की राशि मिली थी. शिकायतें थीं कि इस फंड का इस्तेमाल नियमों के विरुद्ध सरकारी कार्यालयों के रंग-रोगन और जिम निर्माण में किया गया. जांच की दिशा तब और साफ हुई, जब वर्ष 2025 में रामगढ़ जिले के गोला थाना क्षेत्र में डीसी के आदेश पर एक क्लर्क की गाड़ी से 51 लाख रुपये नकद बरामद किये गये. इसके बाद से ही पूरे मामले की जांच का दायरा लगातार बढ़ता गया.
अवैध निर्माण भी आयकर जांच के घेरे में
सेक्टर-9, स्ट्रीट-37 स्थित जिस बीएसएल क्वार्टर में प्रकाश कुमार रह रहे हैं, वहां अवैध निर्माण की भी जांच की जा रही है. बीएसएल के तय मानकों से कहीं अधिक विस्तार कर निर्माण कराया गया है. जहां बीएसएल क्वार्टरों का रंग इंजन ग्रे होता है, वहीं अवैध हिस्से में पीले रंग से पेंटिंग करायी गयी है. आयकर विभाग की इस कार्रवाई से बोकारो में हड़कंप मचा हुआ है. हालांकि विभागीय अधिकारी जांच पूरी होने तक किसी भी तरह की टिप्पणी से बच रहे हैं, लेकिन सूत्रों का कहना है कि आने वाले दिनों में कई बड़े खुलासे हो सकते हैं.
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