बोकारो : बोकारो एयरपोर्ट के विस्तार के लिए दुंदीबाग बाजार को हटाने का मामला फिलहाल टल गया है. वर्तमान हवाईपट्टी को दुरुस्त करने के बाद छोटे विमान का परिचालन आसानी से किया जा सकता है.
बोकारो एयर स्ट्रीप लगभग 210 एकड़ में फैला है व लगभग 4572 फुट रनवे मौजूद है. एएआइ के अधिकारियों के मुताबिक वर्तमान एयरपोर्ट को व्यवस्थित करके सेवा शुरू की जा सकती है.
अगर सरकार पुन: एयरपोर्ट का विस्तार करेगी, तब दुंदीबाग बाजार को शिफ्ट करना पड़ेगा. फिलहाल एयरपोर्ट के किनारे किनारे स्थित सभी अतिक्रमण हटाया जायेगा. जानकारों के मुताबिक निर्माण कार्य शुरू होने के पूर्व अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जायेगी.
छोटे विमान के लिए उपयुक्त है वर्तमान हवाई पट्टी : एयरपोर्ट की चहारदीवारी सटा अतिक्रमण हटेगा
दुंदीबाग में नहीं बिकेगा मीट-मुर्गा
दुंदीबाग बाजार में सेक्टर 12 मोड़ के आसपास व अंदर में स्थित मुर्गा-मांस की दुकानों को हटाया जायेगा. मीट आदि बिक्री पर पूणत: रोक लगायी जायेगी. हाल में एएआइ के पदाधिकारियों ने इस संबंध में जिला प्रशासन व बीएसएल के पदाधिकारियों के साथ चर्चा भी की थी. चास एसडीओ सतीश चंद्र के मुताबिक इसी कारण से दुंदीबाग के दुकानदारों को लाइसेंस निर्गत नहीं किया गया था.
पेड़ों की गिनती हो चुकी है पूरी
16 अगस्त से पेड़ों का सर्वे व नंबरिंग का कार्य शुरू हो गया है. वर्तमान रनवे के दोनों ओर पेड़ पौधे हैं. डीएफओ पीआर नायडू के अनुसार अभी तक लगभग 800 पेड़ों की गिनती का कार्य पूरा हो चुका है. इसके बाद पेड़ों को काटने के लिए कमेटी से अनुमति लेने की कार्रवाई की जायेगी. पेड़ काटने के बाद आवश्यकतानुसार निर्माण किया जायेगा.
फिलहाल एएआइ ने वर्तमान एयरपोर्ट को छोटे विमान के लिए उपयुक्त बताया है. इसलिए दुंदीबाग को तत्काल शिफ्ट करने की आवश्यकता नहीं है. वर्तमान एयरपोर्ट में आवश्यकतानुसार बदलाव करने की कार्रवाई शुरू हो रही है. हालांकि जिला प्रशासन ने दुंदीबाग के दुकानों को शिफ्ट करने की कार्रवाई करते हुए सर्वे कर लिया है. जब आवश्यकता होगी तब,बाजार को अन्यत्र शिफ्ट करने की कार्रवाई की जायेगी.
मृत्युंजय कुमार बरनवाल , डीसी,बोकारो
बरसात के बाद शुरू होगा कार्य
बीएसएल के अनुसार संवेदक बरसात के बाद रनवे आदि का कार्य शुरू करेगा. 13 करोड़ की लागत से रनवे, 07 करोड़ रुपये कर लागत से बाउंड्रीवॉल आदि को दुरुस्त किया जायेगा. पैसेंजर लांज आदि के निर्माण में लगभग 13 करोड़ रुपये खर्च किये जायेंगे.
