हजारीबाग पुलिस पर कट्टा रख कर जेल भेजने का आरोप
रांची. हजारीबाग जेल में बंद बंदी मनमोहन चौधरी ने हजारीबाग सीजेएम को पत्र लिखा है. पत्र में उसने आरोप लगाया है कि मुफ्फसिल थाना की पुलिस ने उसके पास से देशी कट्टा और एक गोली की बरामदगी दिखा कर उसे जेल भेज दिया है. वह हजारीबाग के कोर्रा के जबरा गांव निवासी विजय कुमार का […]
रांची. हजारीबाग जेल में बंद बंदी मनमोहन चौधरी ने हजारीबाग सीजेएम को पत्र लिखा है. पत्र में उसने आरोप लगाया है कि मुफ्फसिल थाना की पुलिस ने उसके पास से देशी कट्टा और एक गोली की बरामदगी दिखा कर उसे जेल भेज दिया है. वह हजारीबाग के कोर्रा के जबरा गांव निवासी विजय कुमार का पुत्र है. उसने आरोप लगाया है कि पुलिस ने 28 जनवरी की शाम उसके दोस्त से फोन करवाया और बहाना बनवा कर उसे कोर्रा चौक पर बुलाया. फिर उसे पकड़ कर थाना लाया गया.
बाद में मुफ्फसिल थाना प्रभारी सुमन कुमार ने उसे पुलिस मुखबिर बनने के लिए कहा. जब उसने पुलिस की मुखबिरी करने से इनकार कर दिया, तो उसे हथियार के साथ गिरफ्तार दिखा कर जेल भेज दिया. पत्र में मनमोहन ने मांग की है कि पुलिस ने उसके पास से बरामद सामान न्यायालय में जमा कराया है, उसकी एफएसएल से जांच करायी जाये.
इससे सच्चाई का पता चल जायेगा. इस बारे में पूछे जाने पर हजारीबाग के एसपी अनूप बिरथरे ने बताया कि मनमोहन कुमार चौधरी उग्रवादी संगठन जेपीसी का सदस्य है. पुलिस ने उसे पहले भी गिरफ्तार कर जेल भेजा था. उस मामले में पुलिस ने उसके खिलाफ अदालत में चार्जशीट भी दाखिल किया है.