झारखंड का उच्चतम तापमान 43.6 डिग्री पहुंचा, बारिश के बाद 2 दिन में इतना गिर जाएगा पारा, IMD का है ये अलर्ट

झारखंड का अधिकतम तापमान 43.6 डिग्री तक पहुंच चुका है. पश्चिमी विक्षोभ से बारिश के बाद तापमान में 5 डिग्री तक की गिरावट आ सकती है. IMD ने ये अलर्ट जारी किया है.

Jharkhand Weather Alert: झारखंड का उच्चतम तापमान 43.6 डिग्री तक पहुंच गया है. पिछले 24 घंटे के दौरान सूबे में कुछ जगहों पर प्रचंड गर्मी महसूस की गई. कुछ जगहों पर हल्के दर्जे की बारिश भी हुई. पश्चिमी विक्षोभ के असर से झारखंड की राजधानी रांची समेत कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश एवं वज्रपात का अलर्ट भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने जारी किया है.

झारखंड में लोगों ने महसूस की प्रचंड गर्मी : मौसम वैज्ञानिक

रांची स्थित मौसम केंद्र के मौसम वैज्ञानिक सतीश चंद्र मंडल ने प्रभात खबर (prabhatkhabar.in) को बताया कि झारखंड में प्रचंड गर्मी महसूस की जा रही है. खासकर झारखंड के दक्षिणी हिस्से में कुछ जगहों पर उष्ण लहर (Heat Wave) का भी लोगों को सामना करना पड़ा. अगले 5 दिन के झारखंड के मौसम की बात करें, तो आसमान में बादल छाए रहेंगे. कुछ जगहों पर तेज हवाओं का झोंका चलेगा. इसकी रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर रह सकती है.

40 से 50 किमी की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, हो सकती है बारिश

मौसम वैज्ञानिक सतीश मंडल ने यह भी बताया कि रविवार (7 अप्रैल) को 40 से 50 किलोमीटर की रफ्तार से हवाएं चल सकतीं हैं. इसके साथ ही कुछ जगहों पर हल्की बारिश एवं वज्रपात की भी संभावना है. उन्होंने कहा कि 8 अप्रैल को कुछ जगहों पर गरज के साथ बारिश होगी. 30 से 40 किमी की रफ्तार से हवाएं चलेंगी. कुछ जगहों पर वज्रपात होने की भी आशंका है.

9 अप्रैल को कई जगहों पर गरज के साथ पड़ेंगे छींटे : IMD

इसी तरह 9 अप्रैल को झारखंड के उत्तरी हिस्से में कुछ जगहों पर गरज के साथ छींटे पड़ेंगे. तेज हवाओं के झोंके के बीच वज्रपात होने की भी संभावना है. अगर बात 10 अप्रैल को झारखंड के मौसम की करें, तो प्रदेश के उत्तरी तथा मध्य भागों में कुछ जगहों पर बादल गरजेंगे. तेज हवाएं चलेंगी और बारिश के साथ वज्रपात हो सकता है. 11 अप्रैल को भी ऐसी ही स्थिति रहेगी. 8 अप्रैल से 11 अप्रैल को हवाओं की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर के बीच रहने का अनुमान है.

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रांची समेत आधा दर्जन से अधिक जिलों का बदलेगा मौसम

रविवार (7 अप्रैल) को राजधानी रांची, खूंटी, गुमला, सिमडेगा, पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम एवं सरायकेला-खरसावां में तेज हवाएं चलेंगी. इन जिलों में कहीं-कहीं बारिश के साथ वज्रपात की भी संभावना है. उन्होंने बताया कि इसके बाद अगले दो दिन के दौरान अधिकतम तापमान में 4 से 5 डिग्री सेंटीग्रेट तक की गिरावट आने की संभावना है. इसके बाद 3 दिन तक तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है. सतीश चंद्र मंडल ने बताया कि 12 अप्रैल को राज्य के दक्षिणी हिस्से में कहीं-कहीं हल्के दर्जे की वर्षा हो सकती है.

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By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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