Gujarat Local body Elections: भरूच में भाजपा ने दिये 31 मुस्लिमों को टिकट, कहा- योग्यता के आधार पर किया चुनाव

Gujarat Municipal Elections 2021: कयास लगाये जा रहे हैं कि प्रतिद्वंद्वी भारतीय ट्राइबल पार्टी (बीटीपी) और असदुद्दीन ओवैसी की ऑल इंडिया मजलिस-ए- इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के बीच गठजोड़ के कारण यह भाजपा ने इतने मुस्लिम उम्मीदवारों को मैदान में उतारा है. लेकिन अतोदरिया ने इस बात से साफ इनकार किया है. उन्होंने बताया कि भाजपा संसदीय बोर्ड द्वारा जिले के लिए बुधवार को घोषित कुल 320 उम्मीदवारों में 31 मुसलमान हैं.

By Prabhat Khabar Digital Desk | February 15, 2021 3:53 PM
  • गुजरात निकाय चुनाव में भारत ने 31 मुस्लिम उम्मीदवारों को दिया टिकट.

  • यहां 34 सीटें हैं, इस पर कांग्रेस विधायक छोटू वसावा की बीटीपी का नियंत्रण है.

  • गुजरात में 28 फरवरी को होने वाले स्थानीय निकाय चुनाव.

Gujarat Municipal Elections 2021 भरूच : भाजपा ने गुजरात में 28 फरवरी को होने वाले स्थानीय निकाय चुनाव के लिए भरूच जिले में 31 मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट दिया है. जिला भाजपा प्रमुख मारुति सिंह अतोदरिया के मुताबिक पार्टी ने पहली बार जिला में मुस्लिम समुदाय से इतने ज्यादा उम्मीदवारों को चुनाव मैदान में उतारा है. अच्छी खासी मुस्लिम आबादी वाले भरूच जिले में जिला पंचायत, नौ तालुका पंचायत और चार नगरपालिका के लिए चुनाव होंगे.

कयास लगाये जा रहे हैं कि प्रतिद्वंद्वी भारतीय ट्राइबल पार्टी (बीटीपी) और असदुद्दीन ओवैसी की ऑल इंडिया मजलिस-ए- इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के बीच गठजोड़ के कारण यह भाजपा ने इतने मुस्लिम उम्मीदवारों को मैदान में उतारा है. लेकिन अतोदरिया ने इस बात से साफ इनकार किया है. उन्होंने बताया कि भाजपा संसदीय बोर्ड द्वारा जिले के लिए बुधवार को घोषित कुल 320 उम्मीदवारों में 31 मुसलमान हैं.

उन्होंने कहा चुनाव प्राधिकारों द्वारा नामांकन खारिज किये जाने पर कुछ उम्मीदवार बदले जा सकते हैं. भरूच जिला पंचायत में 34 सीटें हैं और इस पर कांग्रेस और झाघडिया से विधायक छोटू वसावा की बीटीपी का नियंत्रण है. हाल में वसावा ने एआईएमआईएम के साथ चुनावी गठजोड़ करने की घोषणा की थी और पिछले सप्ताह ओवैसी के साथ संयुक्त तौर पर एक रैली की.

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हालांकि, अतोदरिया ने इनकार किया कि प्रतिद्वंद्वी गठबंधन की वजह से भगवा पार्टी ने ज्यादा मुस्लिम उम्मीद उतारे हैं. उन्होंने कहा, ‘हमने किसी को महज अल्पसंख्यक समुदाय से होने के कारण नहीं चुना है. वे योग्यता के आधार पर चुने गये हैं. मसलन वालिया सीट से हमने एक मुस्लिम भाजपा कार्यकर्ता को चुना है, जहां हिंदुओं की आबादी ज्यादा है.’

उन्होंने दावा किया कि मुस्लिमों के बीच भाजपा की स्वीकार्यता बढ़ी है और समुदाय के कई लोग भाजपा में शामिल हुए हैं. पंचायत चुनाव के लिए भाजपा के साथ-साथ सभी पार्टियों ने चुनाव प्रचार में अपनी पूरी ताकत झोंक दी है. वहीं भाजपा चाहती है कि वहां से ज्यादा से ज्यादा उम्मीदवार भाजपा के जीतें. इससे पार्टी की ताकत बढ़ेगी.

Posted By: Amlesh Nandan.

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