कसाब को भी मिली थी निष्पक्ष सुनवाई, मसाज विवाद पर बोले सत्येंद्र जैन- मै निश्चित रूप से बुरा नहीं

जैन की तरफ से मसाज वीडियो के लीक होने को लेकर ईडी पर अदालत की अवमानना ​​का आरोप लगाया गया है. तिहाड़ जेल में बंद दिल्ली सरकार के मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा है कि मुंबई हमले के दोषी और आतंकवादी अजमल आमिर कसाब को भी जब फेयर ट्रायल मिल सकता है तो वो तो किसी भी हालत में बुरा नहीं हूं.

दिल्ली सरकार के मंत्री और तिहाड़ जेल में बंद सत्येंद्र जैन की वायरल वीडियो का मामला तूल पकड़ता जा रहा है. वहीं, फुटेज लीक मामले को लेकर दिल्ली की एक अदालत ने ईडी के खिलाफ सत्येंद्र जैन की अवमानना याचिका पर सुनवाई की. सुनवाई के दौरान सत्येंद्र जैन की ओर से उनके वकील ने दलील देते हुए कहा कि तिहाड़ जेल में जैन को किसी तरह का वीआईपी ट्रीटमेंट नहीं मिला है. गौरतलब है कि जैन की तरफ से मसाज वीडियो के लीक होने को लेकर ईडी पर अदालत की अवमानना ​​का आरोप लगाया गया है.

सत्येंद्र जैन ने अजमल कसाब का किया जिक्र: वहीं, तिहाड़ जेल में बंद दिल्ली सरकार के मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा है कि मुंबई हमले के दोषी और आतंकवादी अजमल आमिर कसाब को भी जब फेयर ट्रायल मिल सकता है तो वो तो किसी भी हालत में बुरा नहीं हूं. जैन ने कहा कि वो सिर्फ फ्री और फेयर ट्रायल चाहते हैं. बता दें, इस मामले को लेकर कोर्ट में अब 28 नवंबर को सुनवाई होगी.

ईडी से जवाब तलब: गौरतलब है कि दिल्ली की एक अदालत ने जेल में बंद आप सरकार के मंत्री सत्येंद्र जैन की एक याचिका पर ईडी से मंगलवार को जवाब तलब किया है. जिसमें जैन ने तिहाड़ जेल के अधिकारियों को उनकी धार्मिक आस्था के अनुसार फल, सूखे मेवे और खजूर जैसे खाद्य पदार्थ मुहैया कराने का निर्देश देने का अनुरोध किया है. वहीं, विशेष न्यायाधीश विकास ढुल ने ईडी को नोटिस जारी किया और बुधवार तक अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है.

कांग्रेस ने साधा केजरीवाल पर आरोप: गौरतलब है कि जेल से वीडियो लीक होने के बाद राजनीतिक गलियारों में सत्येन्द्र जैन को लेकर घमासान मचा है. इस मामले को लेकर कांग्रेस की ओर से दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधा गया है. कांग्रेस ने पूछा है कि मालिश करने वाले के दुष्कर्मी होने के आरोपी होने की बात सामने आने के बाद क्या केजरीवाल माफी मांगेंगे और जैन का इस्तीफा लेंगे. पार्टी प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि, अरविंद केजरीवाल का पाखंड हर पल और हर दिन उजागर हो रहा है.

बीजेपी ने मांगा इस्तीफा: वहीं, बीजेपी के नेता गौरव भाटिया ने भी पूरे मामले को लेकर आम आदमी पार्टी और सीएम अरविंद पर निशाना साधा है. गौरव भाटिया ने कहा कि अगर दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल इतने कमजोर हैं कि सत्येंद्र जैन को बर्खास्त भी नहीं कर सकते हैं तो उन्हें मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे देना चाहिए.

भाषा इनपुट के साथ

Also Read: PoK को पाक से छीनने के लिए Army तैयार, लेफ्टिनेंट जनरल उपेंद्र द्विवेदी बोले- सरकार के आदेश का इंतजार

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Pritish Sahay

प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >