लालगंज : लालगंज बाजार स्थित शारदा सदन पुस्तकालय सभागार में हिंदी दिवस सप्ताह समारोह सह कवि गोष्ठी का आयोजन हुआ. अध्यक्षता महनार के उपसमाहर्ता भुमि सुधार ललित कुमार सिंह ने की जबकि संचालन सुधांशु कुमार चक्रवर्ती ने किया. इस अवसर पर कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे उपसमाहर्ता सिंह ने कहा कि हिंदी हमारी राष्ट्र भाषा है. जिसको सबको जानना एवं सम्मान करना चाहिए. लेकिन, अंगरेजी भाषा को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है. अंगरेजी भाषा एक ऐसी भाषा है जो पूरे देश के साथ-साथ समूचे विश्व को एक सूत्र में बांधता है. देश एवं राज्यों के कमीशन परीक्षा में वे ही छात्र अच्छे अंक प्राप्त करते है जिनकी अंगरेजी अच्छी होती है.
हिंदी भाषी छात्र कमीशन परीक्षा में पिछड़ जाते है. हालांकि उन्होंने कहा कि ऐसी परिस्थिति इसलिए है क्योंकि हमारे देश में अधिकांश सरकारी कामकाज अंगरेजी भाषा में किया जाता है. प्रो. हरिनारायण सिंह हरि ने कहा कि हिंदी की दुर्दशा के पीछे हमारी सरकार जिम्मेवार है, तथा वह तबका जिम्मेवार है जो चाहता है कि देहाती क्षेत्र के बच्चे हमारे बच्चों की बराबरी नहीं कर सकें. जिस कारण यहां दोहरी शिक्षा नीति चलायी जा रही है. ताकि हिंदी पर अंग्रेजी का दबदबा कायम हो और उनके बच्चे अच्छे नौकरियों में बने रहें. इस अवसर पर बैद्यनाथ पंडित, संजय कुमार मंडल, पुस्तकालयाध्यक्ष आनंद कुमार, सहायक अरविन्द कुमार, भगवन पंजियार, श्वेता कुमारी, डॉ. रामनरेश राय, पंकज कुमार, रामकिशोर चौधरी, ह्रदय साह आदि ने भी अपने विचार व्यक्त किये.
सभा के अंत में एक काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया. जिसमें सुधांसु कुमार चक्रवर्ती ने अपनी कविता..गांधारी की मधुशाला में बदला बदला सा मधुशाला तथा हरिनारायण सिंह हरि ने अपनी कविता हिंदी जन जन का कंठहार, भारत की यह प्रिय भाषा है का पाठ लोगो को मन्त्र मुग्ध कर दिया.
