मोतिहारी से सामंत कुमार गौतम की रिपोर्ट
Teacher Online Attendance: सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए शुरू की गई ई-शिक्षा कोष व्यवस्था अब सवालों के घेरे में है. आरोप है कि कुछ शिक्षक सुबह ऑनलाइन हाजिरी दर्ज करने के बाद विद्यालय से निकल जा रहे हैं. इससे सरकारी स्कूलों में पढ़ाई प्रभावित होने की शिकायतें सामने आ रही हैं.
मोतिहारी शहर और आसपास के कई सरकारी विद्यालयों को लेकर स्थानीय स्तर पर ऐसी शिकायतें सामने आई हैं. हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है.
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ऑनलाइन उपस्थिति के बाद स्कूल छोड़ने का आरोप
स्थानीय लोगों के अनुसार, कुछ शिक्षक समय पर ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर अपनी ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कर देते हैं.
आरोप है कि इसके बाद वे विद्यालय में नहीं रुकते और निजी कार्यों के लिए निकल जाते हैं. बाद में विद्यालय क्षेत्र में पहुंचकर लोकेशन अपडेट कर विभागीय प्रक्रिया पूरी कर देते हैं.
पढ़ाई पर पड़ रहा असर
शिक्षा व्यवस्था से जुड़े लोगों का कहना है कि यदि नियमित निगरानी नहीं होगी तो ऐसी शिकायतें बढ़ सकती हैं.
उनका कहना है कि इसका सबसे अधिक असर सरकारी विद्यालयों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं की पढ़ाई और शैक्षणिक माहौल पर पड़ रहा है.
औचक निरीक्षण की मांग
स्थानीय लोगों और शिक्षा से जुड़े लोगों का कहना है कि केवल ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कराने से व्यवस्था में पूरी पारदर्शिता नहीं आएगी.
उन्होंने विद्यालयों का नियमित औचक निरीक्षण, भौतिक सत्यापन और ई-शिक्षा कोष की प्रभावी मॉनिटरिंग की मांग की है, ताकि लापरवाह शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित हो सके.
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क्या बोले प्रभारी बीईओ?
सदर मोतिहारी के प्रभारी बीईओ सरोज कुमार सिंह ने कहा कि ई-शिक्षा कोष की मॉनिटरिंग के लिए संबंधित कर्मियों को निर्देश दिए गए हैं.
उन्होंने बताया कि पहले भी कई शिक्षकों पर कार्रवाई की जा चुकी है. विद्यालयों की नियमित जांच कराई जाएगी. यदि कोई शिक्षक ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने के बाद विद्यालय से अनुपस्थित पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.
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