पैरामेडिकल छात्र ने की आत्महत्या, परिजनों में पसरा मातम

देर रात तक जब वह बाहर नहीं आया,

सुपौल जिला मुख्यालय स्थित पैरामेडिकल कॉलेज में अंतिम वर्ष की पढ़ाई कर रहे एक छात्र ने रविवार रात बलवा पुनर्वास वार्ड संख्या 01 स्थित अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. मृतक की पहचान बलवा पुनर्वास निवासी छोटे सिंह के बेटे प्रीतम कुमार के रूप में हुई है. घटना के बाद इलाके में शोक की लहर है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. जानकारी के अनुसार, प्रीतम रविवार शाम सदर अस्पताल में अपनी प्रैक्टिस पूरी करने के बाद घर लौटा और सीधे अपने कमरे में चला गया. देर रात तक जब वह बाहर नहीं आया, तो परिजनों को संदेह हुआ. उसके चाचा कुंदन सिंह ने पहले मोबाइल पर कॉल किया, लेकिन मोबाइल स्विच ऑफ मिला. इसके बाद उन्होंने प्रीतम की फुआ को कमरे के बाहर जाकर देखने को कहा. काफी आवाज देने और दरवाजा खटखटाने के बाद भी अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिलने पर परिजनों ने जबरन दरवाजा तोड़ा, तो देखा कि प्रीतम पंखे से फंदा लगाकर झूल रहा था. आनन-फानन में उसे नीचे उतारा गया, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी. सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा. सोमवार सुबह पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया. सदर थानाध्यक्ष अनिरुद्ध कुमार ने बताया कि मृतक के मोबाइल से सिम कार्ड तक निकाल दिया गया था, जिससे यह अंदेशा लगाया जा रहा है कि उसने आत्महत्या की पूरी योजना पहले से बना रखी थी. आत्महत्या के कारणों का फिलहाल स्पष्ट खुलासा नहीं हो सका है, हालांकि पुलिस मामले की जांच कर रही है. स्थानीय लोगों और परिचितों के अनुसार, प्रीतम पढ़ाई में मेधावी था और उसके इस कदम से सभी स्तब्ध हैं. परिजनों ने अब तक किसी पर कोई आरोप नहीं लगाया है. फिलहाल पुलिस मामले की गंभीरता से छानबीन कर रही है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By RAJEEV KUMAR JHA

RAJEEV KUMAR JHA is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >