अस्पताल प्रबंधन की पहल पर नवजात का पोंसेटी विधि से हुआ इलाज

सदर अस्पताल के प्रसव कक्ष में रविवार को धरणीपट्टी वार्ड 14 निवासी अविनाश कुमार की पत्नी राजनंदनी देवी ने बच्ची को जन्म दिया.

सुपौल. सदर अस्पताल के प्रसव कक्ष में रविवार को धरणीपट्टी वार्ड 14 निवासी अविनाश कुमार की पत्नी राजनंदनी देवी ने बच्ची को जन्म दिया. जन्म के समय बच्ची के दोनों पैर उलटे (क्लब फुट) पाये गये, इससे परिजन चिंतित हो गये. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए अस्पताल प्रशासन ने तुरंत पहल करते हुए बच्ची के समुचित उपचार की व्यवस्था की. अस्पताल प्रबंधक अभिनव आनंद ने मानवता और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए मामले को प्राथमिकता पर लिया. उन्होंने विशेषज्ञ डॉक्टर से संपर्क साधते हुए बच्ची के उपचार की प्रक्रिया शुरू करायी. उनकी पहल पर सोमवार को डॉक्टर पवन से बातचीत कर नवजात का पोंसेटी विधि के तहत प्लास्टर कराया गया. यह उपचार विधि क्लब फुट सुधारने में विश्व स्तर पर सबसे अधिक सफल मानी जाती है. डॉक्टर पवन की देखरेख में बच्ची के दोनों पैर का सुरक्षित व सफल प्लास्टर किया गया. डॉक्टरों ने बताया कि समय पर इलाज शुरू होने से भविष्य में बच्ची पूरी तरह सामान्य तरीके से चल सकेगी. परिजनों ने अस्पताल प्रशासन विशेषकर प्रबंधक अभिनव आनंद व डॉ पवन के प्रयासों के लिए आभार व्यक्त किया. स्थानीय लोगों ने भी अस्पताल टीम की तत्परता और मानवीय सेवा की सराहना की.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By RAJEEV KUMAR JHA

RAJEEV KUMAR JHA is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >