वीरपुर नेपाल में चुनाव के मद्देनजर भारत-नेपाल सीमा को दो मार्च की आधी रात से 72 घंटे के लिए सील कर दिया गया था. यह प्रतिबंध पांच मार्च (गुरुवार) की रात 12 बजे के बाद हटा लिया गया. हालांकि सीमा खुलने का वास्तविक लाभ आम लोगों को शुक्रवार सुबह से मिलने लगा. सीमा खुलते ही जहां एक ओर यातायात धीरे-धीरे सामान्य होने लगा, वहीं सीमावर्ती क्षेत्रों भीमनगर और वीरपुर के बाजारों में भी कारोबार पटरी पर लौटने लगा. सीमा खुलने के बाद भी शुक्रवार को नेपाल की ओर से आने-जाने वाले लोगों की संख्या अपेक्षाकृत कम रही. दरअसल, फिलहाल वही लोग सीमा पार कर रहे हैं. जिनके जरूरी काम हैं. ऐसे लोग जिनके नेपाल में रिश्तेदार हैं. वहां शादी-विवाह, मृत्यु जैसी पारिवारिक परंपराएं निभानी थीं या जिनके परिजन अस्पताल में भर्ती हैं. उन्हें सीमा खुलने से काफी राहत मिली है. इस संबंध में भीमनगर व्यापार मंडल के अध्यक्ष सत्येंद्र सिंह ने बताया कि नेपाल से लोगों का आना शुरू तो हो गया है, लेकिन अभी केवल वही लोग आ रहे हैं जिन्हें अत्यंत आवश्यक कार्य है. उन्होंने कहा कि नेपाल में अभी मतगणना जारी है. इसलिए आवाजाही कम है. उम्मीद है कि शनिवार से स्थिति पूरी तरह सामान्य हो जाएगी. वहीं दूसरी ओर एसएसबी चेक पोस्ट पर नेपाल जाने और नेपाल से आने वाले लोगों की आवाजाही जारी रही. इस दौरान एसएसबी के जवान अपनी ड्यूटी पर तैनात रहते हुए लोगों और उनके सामानों की सघन जांच करते रहे.
नेपाल चुनाव के कारण 72 घंटे बंद के बाद खुली भारत-नेपाल सीमा, लौटी रौनक
सीमा खुलने से काफी राहत मिली है.
