पराक्रम दिवस के रूप में मनायी गयी नेताजी की जयंती

कार्यक्रम की अध्यक्षता व्यापार संघ के अध्यक्ष अमर कुमार चौधरी ने की

सुपौल. महान क्रांतिकारी नेता व भारत रत्न नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 128वीं जयंती शुक्रवार को व्यापार संघ सुपौल कार्यालय में पराक्रम दिवस के रूप में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनायी गयी. कार्यक्रम की अध्यक्षता व्यापार संघ के अध्यक्ष अमर कुमार चौधरी ने की. इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया. वक्ताओं ने कहा कि नेताजी भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महान योद्धा और अग्रणी क्रांतिकारी नेता थे. उनका जन्म 23 जनवरी 1897 को ओडिशा के कटक शहर में हुआ था. बचपन से ही वे देशभक्ति और स्वाभिमान से ओतप्रोत थे. कार्यक्रम में वक्ताओं ने नेताजी के योगदान को याद करते हुए कहा कि उन्होंने आजाद हिंद फौज का गठन कर ब्रिटिश हुकूमत को कड़ी चुनौती दी. उनका प्रसिद्ध नारा “तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा” आज भी देशवासियों में जोश और प्रेरणा भर देता है. वक्ताओं ने कहा कि नेताजी का जीवन संघर्ष, त्याग और साहस का प्रतीक है, जिससे युवाओं को प्रेरणा लेने की आवश्यकता है. अध्यक्षीय संबोधन में अमर कुमार चौधरी ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का जीवन आज की युवा पीढ़ी के लिए मार्गदर्शक है। उनके विचार और राष्ट्रप्रेम देश के प्रति समर्पण का आदर्श उदाहरण हैं. कार्यक्रम में सुशील चौधरी, उमेद कुमार जैन, युगल किशोर अग्रवाल, रामकुमार चौधरी, राजेश कुमार, योगेन्द्र प्रसाद साह, गुरु प्रसाद गुप्ता, अवधेश कुमार चौहारी, अभय कुमार मिश्रा, दिलीप शर्मा, दिलीप चौधरी, चंदन कुमार, रंजन कुमार सिंह, लाल ठाकुर, संजय कुमार एवं बलराम कुमार आदि मौजूद थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By RAJEEV KUMAR JHA

RAJEEV KUMAR JHA is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >